सोनभद्र। वित्तीय सत्र का अंतिम समय शुरू होने के साथ जैसे-तैसे बजट खपाने की होड़ मची है। हाल यह है कि पीडब्ल्यूडी में उन सड़कों की मरम्मत के लिए दोबारा टेंडर निकाला गया है, जिनकी साल भर पहले ही मरम्मत कराई गई थी। ऐसी तीन सड़कें सिर्फ नगवां ब्लॉक में चिह्नित हुई हैं। अन्य ब्लॉकों में भी ऐसी ही स्थिति है। कागज में इन सड़कों को जर्जर दिखाते हुए उसके मरम्मत की कार्रवाई चल रही है।
लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड द्वितीय की ओर से जिले के चतरा, नगवां ब्लॉक सहित अन्य क्षेत्रों में कुल 22 ग्रामीण सड़कें मरम्मत के लिए चिह्नित की गई हैं। करीब 2.49 करोड़ की लागत से इन ग्रामीण सड़कों का मरम्मत करानी है। इसके लिए विभाग की तरफ से टेंडर भी निकाले गए हैं। टेंडर की सूची में उन सड़कों का भी नाम शामिल हैं, जिनकी मरम्मत कार्य पिछले साल भी हुई थी।
बताया जा रहा है कि नगवां ब्लॉक के दुल्लहपुर से गोटीबांध, गोटीबांध से डोमरिया, सुअरसोत से गोंगा मार्ग का पिछले साल ही मरम्मत हुई है, जो मौके पर अभी ठीक है।
इन सड़कों के मरम्मत के लिए निकला है टेंडर
पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड द्वितीय की तरफ से रईया से कोलुआ मार्ग, सोनारी से लेडुआ मार्ग, मकरीबारी संपर्क मार्ग, रतहरा मार्ग, नाको चतुर्वेदी से नौडीहा संपर्क मार्ग, दुल्हपुर से गोटीबांध, गोटीबांध मार्ग से डुमरिया संपर्क, भैरोपुर मार्ग, हर्दिया तालाब से नलराजा मार्ग सहित कुल 22 ग्रामीण संपर्क मार्ग शामिल हैं। इन सड़कों का मरम्मत कराने के लिए स्वीकृति की प्रत्याशा में 25 जनवरी को टेंडर निकाला गया है।
काम पूरा नहीं, फिर निकला टेंडर
चतरा ब्लॉक के रतहरा गांव में संपर्क मार्ग का मरम्मत चल रही है। अभी मरम्मत कार्य पूरा हुआ नहीं है। पीडब्ल्यूडी की तरफ से 25 जनवरी को निकाले गए टेंडर् का टेंडर निकाले जाने से लोग हतप्रभ हैं। वहीं इस पर विभाग सफाई दे रहा है।
दुल्लहपुर से गोटीबांध मार्ग की मरम्मत के लिए टेंडर निकला था, मगर यह सड़क पीएमजीएसवाई से बनी हुई है। इसलिए टेंडर कैंसिल कर दिया गया है। इस पर 10 हजार का आवंटन था, उसे वापस करना है। अन्य सड़कों का टेंडर निरस्त नहीं हुआ है। टेंडर स्वीकृति की प्रत्याशा में लगाया गया है। - गोविंद यादव, एक्सईएन-पीडब्ल्यूडी-निर्माण खंड द्वितीय।