कहा कि हादसा दुखद है, लेकिन कुछ व्यक्तियों की त्रुटि के आधार पर पूरे पत्थर उद्योग को कठघरे में खड़ा करना उचित नहीं है। अधिकांश क्रशर और खदानें निर्धारित नियमों, सुरक्षा मानकों और शाम पांच से रात दस बजे तक बंदी आदेश का पालन करती हैं।
यूनियन ने स्पष्ट किया कि जो नए खदान क्षेत्र हैं, उनमें बेंचिंग सहित सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन किया जा रहा है। पुराने समय में दिए गए कुछ लीज क्षेत्रफल कम होने के कारण बेंचिंग कई जगह व्यावहारिक रूप से संभव नहीं हो पाती, पर सुरक्षा के मानक बनाए रखते हुए खनन कार्य चलता है।
यूनियन ने यह भी कहा कि यदि कोई इकाई नियमों का पालन नहीं करती, तो उसके खिलाफ प्रशासन को सख्ती करनी चाहिए और यूनियन इसमें सहयोग करेगी। प्रेस वार्ता में यूनियन ने बिजली समस्या, ओवरलोड नियंत्रण, परिवहन व्यवस्था, मजदूरों के अनिवार्य रजिस्ट्रेशन और नियमित पानी छिड़काव जैसी मांगें भी रखीं।