जिले में मनरेगा घोटाले की जांच कर रही सीबीआई ने राबर्ट्सगंज ब्लॉक के सात सेक्रेटरियों और सात पूर्व प्रधानों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दिया है। तालाब, सड़क और अन्य विकास कार्य कराने में करोड़ों रुपये का घोटाला हुआ है।
बता देें कि वर्ष 2007 से 2010 के बीच मनरेगा के धन की बंदरबांट का आरोप है। आरोप है कि कागजों पर चेकडैम, रपटा, सड़क का निर्माण कार्य दिखाकर करोड़ों रुपये का घोटाला किया गया। हाईकोर्ट के आदेश पर मनरेगा घोटाले की जांच कर रही सीबीआई ने आरोपियों को चिह्नित कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
सूत्रों की मानें तो तीन दिन पूर्व सीबीआई ने सदर ब्लॉक के सात सेक्रेटरियों को लखनऊ तलब किया था। सीबीआई के अधिकारियों ने सभी सेक्रेटरियों से पूछताछ की और फिर उनके खिलाफ चार्टशीट दाखिल किया। जिन सेक्रेटरियों को तलब किया गया था, उनके कार्यकाल में जो प्रधान थे, उनसे सीबीआई पहले ही पूछताछ कर उनके विरुद्ध चार्जशीट दाखिल कर चुकी हैै।
चूंकि मामला सीबीआई से जुड़ा है, इस नाते जिले का कोई भी अफसर कुछ कहने से बच रहा है।