नियमों को दरकिनार कर बिल्ली-मारकुंडी खनन क्षेत्र में गवर्नमेंट ग्रांट की जमीन पर हुए खनन पट्टे की जांच तेज हो गई है। मामला संज्ञान में आने पर विंध्याचल मंडल के मंडलायुक्त योगेश्वर राम मिश्र ने डीएम को जांच का निर्देश दिया है। सोमवार को प्रकरण की जांच कर रहे ओबरा एसडीएम प्रकाश चंद्र ने तहसील कर्मियों से खनन पट्टों से जुड़ी पत्रावलियों निकलवाईं। जांच शुरू होने से संबंधित लोगों में खलबली मच गई है।
बिल्ली-मारकुंडी खनन क्षेत्र में कई पट्टाधारकों ने नियमों को दरकिनार कर गवर्नमेंट ग्रांट की जमीनों पर खनन पट्टा करा लिया है। खनन और राजस्व विभाग के कुछ अफसरों की मिलीभगत से हुए इस खेल की शिकायत के बाद जांच शुरू हुई है। सोमवार को ओबरा तहसील में पट्टों से जुड़ी पत्रावलियां खंगाली गईं। इस संबंध में एसडीएम प्रकाश चंद्र ने बताया कि बिरसा मुंडा फाउंडेशन एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट की सचिव शांति वर्मा ने मिर्जापुर मंडल के मंडलायुक्त को शिकायती पत्र सौंपा है। उनका आरोप है कि ग्राम पंचायत बिल्ली-मारकुंडी खनन क्षेत्र में कुछ लोग गवर्नमेंट ग्रांट की जमीन पर खनन पट्टा करवा कर खनन कार्य करा रहे हैं। आयुक्त के निर्देश पर शिकायत की जांच शुरू कर दी गई है। शिकायतकर्ता को भी साक्ष्य देने के लिए बुलाया गया है। निष्पक्ष ढंग से प्रकरण की जांच कर उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जाएगी।