फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sonebhadra News: निजी वाहन ढो रहे सवारी, 41 हजार में से 8 हजार का फिटनेस भी फेल

विज्ञापन
जिले में सड़कों पर फिटनेस फेल हो चुके वाहन पर क्षमता से अ​धिक सवारी बैठाकर सफर कराया जा रहा है।
विज्ञापन
सोनभद्र। जिले में ट्रैक्टर-ट्रॉली के साथ ही निजी कारों का भी व्यावसायिक उपयोग धड़ल्ले से किया जा रहा है। नियमों को दरकिनार कर निजी चार पहिया वाहन सवारी ढो रहे हैं। वहीं परिवहन विभाग के आंकड़े चौंकाने वाले हैं, करीब आठ हजार वाहन ऐसे हैं जिनका फिटनेस प्रमाणपत्र फेल या समाप्त हो चुका है, इसके बावजूद वे सड़कों पर फर्राटा भर रहे हैं।
विज्ञापन


विभागीय आंकड़ों के अनुसार जिले में करीब 41 हजार से अधिक चार पहिया वाहन पंजीकृत हैं। इनमें से लगभग 30 हजार वाहन निजी श्रेणी में दर्ज हैं। चिंताजनक बात यह है कि बड़ी संख्या में निजी वाहन व्यावसायिक रूप से सवारियां ढो रहे हैं, जिससे न केवल नियमों का उल्लंघन हो रहा है बल्कि राजस्व की भी क्षति हो रही है। परिवहन विभाग के अनुसार करीब आठ हजार चार पहिया वाहनों का फिटनेस फेल है या उनका नवीनीकरण नहीं कराया गया है। ऐसे वाहन तकनीकी रूप से सड़क पर चलने योग्य नहीं माने जाते, फिर भी इनका संचालन जारी है। इससे दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है। बावजूद इसके ऐसे वाहनों के संचालन पर रोक नहीं लग पा रहा है। समय-समय पर अभियान चलाकर विभागीय कार्रवाई तो होती है, बावजूद इसके इतनी बड़ी संख्या में वाहनों का बिना फिटनेस संचालन होना यात्रियों केे सुरक्षा को लेकर सवाल खड़ा कर रहे हैं। वहीं निजी वाहनों का प्रयोग सवारी ढोने में किए जाने से विभाग को हर माह लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है।
नियमित जांच की मांग
टैक्सी या कमर्शियल श्रेणी में पंजीकरण न कराने से टैक्स, परमिट और अन्य शुल्कों की अदायगी नहीं हो रही है। यदि नियमित जांच अभियान चलाया जाए तो बड़ी संख्या में बिना फिटनेस और बिना परमिट संचालित वाहनों पर कार्रवाई हो सकती है। लोगों ने विभागीय अधिकारियों से वाहनों की नियमित जांच करते हुए कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
विज्ञापन



बगैर फिटनेस और नियमों का उल्लंघन कर चलने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। बिना फिटनेस कराए वाहनों का संचालन करने वाले संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। - राजेश्वर यादव, एआरटीओ-प्रवर्तन।

जिले में सड़कों पर फिटनेस फेल हो चुके वाहन पर क्षमता से अधिक सवारी बैठाकर सफर कराया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें