छिटपुट झड़प के साथ बभनी ब्लाक केे 52 मतदान केंद्र और 96 बूथों पर वोटिंग हुई। प्राथमिक विद्यालय वैना पर मतदान अधिकारी द्वितीय द्वारा महिलाओं का वोट खुद डालने का आरोप लगाकर ग्रामीणों ने हंगामा कर मतदान करने से इंकार कर दिया। मामला गंभीर होने पर पुलिस ने हवा में लाठियां भांज कर ग्रामीणों को खदेड़ दिया। दुद्धी एसडीएम डा. विश्राम सिंह और सीओ लक्ष्मण राय ने ग्रामीणों को समझाबुझा कर शांत कराया, तब जाकर मतदान शुरू हुआ। ग्रामीणों ने पुन: मतदान कराने की मांग की है।
सांय करीब चार बजे प्राथमिक विद्यालय वैना के बाहर कुछ महिलाएं वोट डाल कर मतदान केंद्र से बाहर निकलकर मतदान अधिकारी द्वितीय पर जबरदस्ती एक प्रत्याशी के पक्ष में वोट डलवाने का आरोप लगाया। महिलाओं का कहना था कि मतदान अधिकारी ने स्वयं कई महिलाओं का वोट डाल रहे है। इतना सुनते ही वोट डालने के लिए लाइन में खड़े मतदाता आगबबूला होकर नारेबाजी करने लगे। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात फोर्स ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे उनकी नहीं सुने। मामला गंभीर होता देख पीठासीन अधिकारी ने तत्काल अपने उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत कराया। इसी बीच फोर्स ने हवा में लाठियां भांजना शुरू कर दिया। पुलिस के कड़ा रुख अख्तियार करते ही ग्रामीण इधर-उधर भागने लगे। कुछ ही देर बाद एसडीएम डा. विश्राम सिंह, सीओ लक्ष्मण राय भारी संख्या में फोर्स के साथ मौेके पर पहुंच गए।
एसडीएम ने ग्रामीणों की बातों को सुन कर उन्हें निष्पक्ष ढंग से मतदान कराने और शिकायत सही मिलने पर मतदान अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन देकर उन्हें शांत कराया। एसडीएम के आश्वासन पर करीब आधे घंटे बाद ग्रामीणों ने मतदान शुरू किया। विनोद गुप्ता, सुरेश कुमार, संजय कुमार, शिव प्रसाद, विजय प्रसाद, दया शंकर, शारदा प्रसाद, रामबदन समेत अन्य ग्रामीणों ने निर्वाचन आयोग से पुन: मतदान कराने की मांग की है। उधर प्राथमिक विद्यालय असहनर में स्थित मतदान केंद्र पर भी दोपहर एक बजे फर्जी वोटिंग किए जाने की मांग को लेकर हंगामा हुआ। हालांकि बभनी थानाध्यक्ष अशोक यादव ने मतदाताओं को समझाबुझा कर शांत करा दिया। क्षेत्राधिकारी लक्ष्मण राय ने कहा कि प्राथमिक विद्यालय वैना पर ग्रामीणों ने मतदान अधिकारी द्वितीय के ऊपर महिलाओं ने वोट में गड़बड़ी करने का आरोप लगाया तो ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया। हालांकि समझाने पर ग्रामीण शांत होकर मतदान शुरू कर दिया। फोर्स ने ग्रामीणों को मतदान केंद्र से दो सौ मीटर दूर हटाया था।