चिल्काटांड गांव के पंचायत भवन पर सोमवार की दोपहर कोटे की दूकान आवंटन के लिए आयोजित खुली बैठक में प्रस्ताव पास हो गया। लाबिंग के जरिए हुए फैसले में संजय कुमार सिंह के पक्ष में 195 तो विपक्ष में 115 लोग खड़े हुए।
आवंटन की प्रक्रिया एडीओ पंचायत म्योरपुर की मौजूदगी में गहमागहमी के बीच संपन्न हुई। इससे पहले गांव के रहवासी संजय कुमार सिंह, कमल गुप्ता व मोहन भारती ने दूकान के लिए दावेदारी पेश किया। तय हुआ कि निर्णय के लिए लाबिंग प्रक्रिया अपनाई जाएगी तो कमल गुप्ता ने मोहन भारती को समर्थन कर दिया। इसके बाद संजय व मोहन के पक्ष में ग्रामीणों को अलग-अलग खड़ा किया।
संजय के पक्ष में 195 ग्रामीण तो मोहन के पक्ष 115 लोग खड़े हुए। गिनती के बाद निर्णय हुआ तो संजय सिंह के पक्ष में प्रसन्नता की लहर दौड़ गई। इस तरह लंबे समय से दूकान को लेकर बना अवरोध समाप्त हो गया। बताते चले कि इससे पहले सात मई को बैठक बुलाई गई थी लेकिन बैठक शुरू होते ही ग्रामीणाें ने यह कह हंगामा शुरू कर दिया कि इसके लिए मुनादी नहीं कराई गई और गुपचुप तरीके से दूकान आवंटन की कवायद की जा रही है।
हंगामा के बाद बैठक को स्थगित कर दिया। फिर 21 मई को पंचायत भवन पर दूसरी बार आयोजित बैठक भी हंगामा की भेंट चढ़ गई। ग्रामीणों का कहना था कि गांव के लिए चिह्नित की गई तीन दूकानों के लिए क्षेत्र के हिसाब से अलग बैठक होनी चाहिए और यूनिट के हिसाब से नई दूकानों का सृजन भी। सोमवार को तीसरी बार आयोजित बैठक में प्रस्ताव पास होने पर अधिकारियों ने राहत की सांस ली। इस मौके पर ग्राम प्रधान नंदलाल, ग्राम विकास अधिकारी हरिओम सिंह, ग्राम पंचायत के सदस्य व काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। मंगलवार (आज) को इसी गांव के चिल्काटांड बाजार के लिए दूकान के प्रस्ताव पर खुली बैठक होगी।