छह साल की मासूम बच्ची के साथ दुराचार के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट पंकज श्रीवास्तव की अदालत ने मंगलवार को दोषी युवक को आजीवन कारावास एवं 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना न देने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। जुर्माने की आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, पिपरी थाने क्षेत्र में तीन जनवरी 2014 को दी गई तहरीर में पीड़िता के पिता ने आरोप लगाया था कि एक जनवरी 2014 को मिर्जापुर के जिगना थानांतर्गत गौरा गांव निवासी हनुमान उसकी छह वर्षीय लड़की को बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। जब लड़की घर आई तो घटना की जानकारी हुई।
पिपरी पुलिस ने हनुमान के विरुद्ध दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर लिया। विवेचना में पर्याप्त सबूत मिलने पर हनुमान के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया गया। मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने दोषी मिलने पर हनुमान को आजीवन कारावास एवं 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।