पसही विद्युत फीडर से चार दिन से विद्युत आपूर्ति ठप होने से क्षुब्ध ग्रामीणों ने फीडर पर पहुंचे जेई और एसएसओ को मंगलवार की सुबह बंधक बना लिया। ग्रामीणों ने उन्हें करीब आधा घंटे घेरकर आपूर्ति बहाल करने की मांग को लेकर बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जेई राजेश कुमार ने शाम तक विद्युत आपूर्ति बहाल कराने के आश्वासन दिया, तब ग्रामीणों ने उन्हें छोड़ा।
सुबह करीब आठ बजे फीडर पर पहुंचे कसया, करकी, पापी, बसदेवा, खैराही, ऐलाही समेत अन्य गांवों के ग्रामीणों ने बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए एसएसओ और जेई को घेर लिया। ग्रामीणों का कहना था कि 28 मई से बिजली गुल है। इससे पेयजल आदि की समस्याएं उत्पन्न हो गई हैं। गर्मी और उमस से लोगों का जीना दुश्वार हो गया है।
छोटे-छोटे बच्चे बीमार हो जा रहे हैं। कई बार इस समस्या से संबंधित एसडीओ और एक्सईन को अवगत कराया गया, लेकिन उनकी कानों पर जूं तक नहीं रेंगी। कहा कि जब तक आपूर्ति बहाल नहीं होगी तब बिजली कर्मियों को छोड़ा नहीं जाएगा। ग्रामीणों का रुख देख बिजलीकर्मी घबरा गए और वे अपने उच्चाधिकारियों को ग्रामीणों की मांगों के बारे में अवगत कराया।
अवर अभियंता राजेश कुमार ने नाराज ग्रामीणों को बताया कि ब्रेकर में खराबी होने के कारण आपूर्ति बाधित है। प्रयास किया जा रहा है कि शाम तक आपूर्ति बहाल कर दी जाए। जेई के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हो गए। बिजली कर्मियों का घेराव करने रमेश मौर्य, प्रेमनाथ, चंदन कुमार, राजेंद्र पांडेय, संतोष, चंद्रिका, अर्जुन, शिव प्रसाद पांडेय आदि मौजूद रहे। उधर एसएसओ संतोष का आरोप है कि कुछ ग्रामीणों उनके खिलाफ अपशब्दों का प्रयोग किया है।