बभनी विकास खंड बभनी क्षेत्र के सात गांवों में एक दिन पहले होली मनाने की परंपरा है। इन गांवों में बुधवार को विधि विधान से होलिका दहन किया गया। बृहस्पतिवार की सुबह धूल उड़ाने के बाद गांव के लोग परंपरागत तरीके से होली खेलेंगे।
क्षेत्र के कनवा, बरवाटोला, सेवढीटोला, सालेनाग, जौराही, पतखिरना और फरीपान में बुधवार को होलिका दहन किया गया। आज गांव के लोग होली खेलेंगे। इन गांवों में एक दिन पहले होली मनाने की परंपरा सदियों से चली आ रही है।
कनवा धाम के पुजारी रामसुंदर चेरो का कहना है कि पहले लोग एक साथ होली मनाते थे लेकिन अचानक होली के दिन घटना घटित हो गई। तब से हम लोग एक दिन पहले ही होली मना लेते हैं। पूर्वजों की बनाई गई परंपरा का निर्वहन करते हुए चले आ रहे हैं।
धूल उड़ानें के लिए सभी लोग बाजा गाजा के साथ मानर और घूंघरू के साथ नाचते गाते जाते हैं। धूल उड़ाने से पहले गांव का बैगा पुजारी होलिका की पूजा करता है। प्रभारी निरीक्षक सदानंद राय क्षेत्र में भ्रमण करते हुए नजर आए।
उन्होंने बताया कि क्षेत्र में 65 स्थानों पर होलिका दहन किया जाएगा, जिसमें आठ स्थानों पर होलिका दहन हो गया। शेष 57 स्थानों पर 13 मार्च को होलिका दहन होगा और 14 मार्च को होली खेली जाएगी।