दुद्धी से हाथीनाला के बीच जंगल में हथवानी गांव के समीप तेज रफ्तार वाहन ने बाइक में टक्कर मार दी। भारी वाहन के जोरदार टक्कर से बाइक सवार तीनों सड़क से करीब 20 फीट दूर जंगल में जा गिरे। मोबाइल नेटवर्क न होने के कारण राहगीरों ने हाथीनाला थाने पहुंचकर घटना की सूचना दी।
पुलिस के मौके पर पहुंचने से पहले की तीनों की मौत हो चुकी थी। शव का पंचनामा कर पुलिस उसे कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए दुद्धी सीएचसी ले गई। हादसे के बाद से हथवानी गांव में मातम है। रसीद अली के अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
परिवार में नए सदस्य के आगमन को लेकर रसीद और पत्नी शाहजहां काफी खुश थे। वह गर्भ में पल रहे बच्चे के लिए अभी से फिक्रमंद थे। बच्चे को कोई दिक्कत न आए, इसी सोच के साथ पत्नी का अल्ट्रासाउंड कराने के लिए वह दुद्धी गया था। सब कुछ सामान्य होने के बाद सभी खुशी से घर लौट रहे थे, लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था। हादसे ने एक ही पल में पूरे परिवार को खत्म कर दिया। घटना के बारे में जिसने भी सुना वह स्तब्ध रह गया।
रसीद अली मूल रूप से सदर तहसील क्षेत्र के करमांव गांव का निवासी था। पिता ताहिद अली के पांच पुत्रों में वह तीसरे नंबर था। वर्ष 2019 में उसकी शादी हथवानी गांव में मुहम्मद अयूब की बेटी शाहजहां के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही वह अपने ससुराल में ही रह रहा था। वह रेणुकूट व आसपास के क्षेत्रों में मजदूरी करता था। पत्नी शाहजहां और पुत्र असलम के साथ वह खुशी पूर्वक जीवन गुजार रहा था। परिवार अब नए सदस्य के स्वागत की तैयारी में था।
परिजनों के मुताबिक शाहजहां करीब सात माह की गर्भवती थी। दो माह बाद ही प्रसव होना था। इससे पहले बच्चे की बेहतरी के लिए वह अल्ट्रासाउंड जांच के लिए गई थी। सबको इंतजार था कि घर पहुंचकर वह अच्छी खबर देंगे, लेकिन मनहूस खबर मिलते ही परिजन अवाक रह गए।