स्थानीय सीएचसी के स्टोर में बृहस्पतिवार की शाम आग लग गई। घटना से स्टोर में रखी दवाएं व अन्य सामान जल गए। फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। आग लगने का कारण शार्ट-सर्किट और फ्रिज में ब्लास्ट होने को बताया जा रहा है। सीएमओ ने जांच के लिए एसीएमओ को भेजा है।
सीएचसी घोरावल के मुख्य भवन में छोटे व बड़े दो स्टोर हैं। इसमें दवा, वैक्सीन सहित अन्य सामान रखे गए हैं। बताते हैं कि शाम करीब चार बजे चीफ फार्मासिस्ट राजीव कुमार स्टोर बंद कर घर गए। इसके कुछ देर बाद ही उसमें आग गई। शाम करीब छह बजे आसपास के लोगों ने स्टोर से तेज धुंआ उठता देखा तो शोर मचाया। कुछ ही देर में स्वास्थ्य कर्मी मौके पर पहुंच गए। स्टोर का ताला खोला गया तो अंदर आग लगी हुई थी। पानी की पर्याप्त उपलब्धता न होने से आग बुझाने में कामयाबी नहीं मिली। सूचना फायर ब्रिगेड को दी गई। कुछ ही देर फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई। काफी मशक्कत से टीम ने आग पर काबू पाया। आग बूझने पर लोग अंदर पहुंचे तो काफी मात्रा में दवा, वैक्सीन व अन्य सामान जले थे। फ्रिज बुरी तरह जल गया था। उसके आसपास के क्षेत्र में आग का ज्यादा असर था। आशंका जताई जा रही है कि शार्ट सर्किट व फ्रिज से ही आग की शुरुआत हुई। मामले की सूचना पर सीएमओ ने एसीएमओ डॉ. आरजी यादव को मौके पर भेजकर मामले की रिपोर्ट तलब की। सीएमओ डॉ. अश्वनी कुमार ने बताया कि आग लगने के कारण अभी स्पष्ट नहीं है। जांच की जा रही है। इसके लिए एसीएमओ डॉ. गुलाब यादव को मौके पर भेजा गया है।
स्वास्थ्य विभाग के स्टोर में अक्सर लगती है आग
नए वित्तीय सत्र का पहला महीना है। ऐसे में घोरावल सीएचसी के स्टोर में आग की घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चा है। स्वास्थ्य विभाग के स्टोर में आग लगने के कई मामले पिछले कुछ वर्षों में सामने आए हैं। यह संयोग ही है कि ज्यादातर घटनाएं मार्च-अप्रैल के आसपास ही हुई हैं। आग लगने का कारण विभाग शार्ट सर्किट ही बताता है। बावजूद बचाव के प्रारंभिक इंतजाम तक नहीं होते। जांच के लिए टीमें भी गठित होती हैं, मगर निष्कर्ष कुछ नहीं निकलता।