फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

केंद्रों पर इंतजार कर रहे किसान, बस चहेतों का बिक रहा धान

विज्ञापन
गयारतवल किसान सेवा सहकारी समिति धान क्रय केंद्र पर खराब पड़ा हालर मशीन। - फोटो : SONBHADRA
विज्ञापन
धान खरीद में पारदर्शिता बरतने के शासन भले ही दावे कर रहा हो, लेकिन किसान इससे सहमत नहीं हैं। क्रय केंद्रों के बाहर 5-6 दिन से धान लेकर खड़े किसानों का कहना है कि उन्हें सिर्फ तारीख दी जा रही है, जबकि प्रभावशाली लोगों की तौल पहले हो रही है। वह कड़ाके की ठंड में रात भर केंद्रों के बाहर ठिठुरते हुए उपज की रखवाली कर रहे हैं। वहीं जिम्मेदारों की मिलीभगत से चहेतों का नंबर पहले आ जा रहा है। खरीद में इसी अनियमितता का असर है कि गोदाम फुल होते जा रहे हैं, मगर केंद्रों के बाहर धान लदी ट्रैक्टर ट्राली की भीड़ कम नहीं हो रही।
विज्ञापन

एक नवंबर से शुरू हुई खरीद पहले सचिवों की हड़ताल और बोरों की कमी से प्रभावित रही तो फिर मिलरों की हड़ताल से उठान न होने के कारण मुश्किलें खड़ी हुई थी। अब जब इन समस्याओं का काफी हद निदान हो चुका है और केंद्रों पर किसानों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है तो खरीद में मनमानी की शिकायतें बढ़ने लगी हैं। क्रय केंद्रों पर धान लेकर पहुंचे किसानों को उपज की तौल कराने में ही हफ्तों बीत जा रहे हैं। वह ट्रॉली पर लदा धान केंद्र के बाहर ही खड़ी कर उसकी दिन-रात रखवाली कर रहे हैं। इस कारण गेहूं की बोवाई सहित अन्य कार्य भी ठप हैं। नंबर लगाने के बाद भी उनके धान की तौल कब होगी, इसका कोई भरोसा नहीं है। नगर के मंडी समिति परिसर में एफसीआई और विपणन विभाग के क्रय केंद्र संचालित हैं। केंद्रों के बाहर आड़े-तिरछे कई दर्जन ट्रैक्टर और ट्रॉली खड़ी कर दिया गया है, ताकि कोई भी दूसरा वहां उनसे पहले न पहुंच सके। बावजूद बिचौलिए अपनी सेटिंग का लाभ उठाकर पहले अपनी तौल कराने में सफल हो रहे हैं। बृहस्पतिवार को ही कई ऐसे किसानों का धान तौला जाता रहा, जो एक दिन पहले ही आए थे, जबकि शनिवार, रविवार से नंबर लगाने वाले अपनी बारी का इंतजार ही कर रहे थे।
दलालों पर रोक न लगी तो करेंगे आंदोलन
सोनभद्र। पूर्वांचल नवनिर्माण किसान मंच के नेता गिरीश पांडेय ने धान खरीद में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। विपणन विभाग के हाट शाखा सलैया का जिक्र करते हुए कहा कि यहां कई दिनों से किसान अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। केंद्र पर मात्र एक कांटा चलाया जा रहा है, जबकि कागजों पर दो कांटा शुरू है। केंद्र प्रभारी बिचौलिए के माध्यम से खरीद कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले की शिकायत के लिए डीएम और डिप्टी आरएमओ को फोन लगाया, लेकिन दोनों जिम्मेदार अफसरों ने फोन उठाना भी मुनासिब नहीं समझा। चेतावनी दी कि अगर खरीद केंद्रों पर हो रहे भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लगता तो संगठन सड़क से लेकर कलेक्ट्रेट तक धरना-प्रदर्शन को बाध्य होगा।
विज्ञापन

बिचौलियों का धान खरीदने का आरोप गलत है। शासन के निर्देशों के तहत पारदर्शिता के साथ क्रमवार ढंग से सभी का धान खरीदा जा रहा है। फड़ पर आने वाले किसानों को नंबर के आधार पर तौल कराई जा रही है। -विनय दुबे, क्रय केंद्र प्रभारी, मंडी समिति।

गयारतवल किसान सेवा सहकारी समिति धान क्रय केंद्र पर धान खरीद का इंतजार करती महिला।- फोटो : SONBHADRA

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें