फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पोर्टल बंद होने से कई किसानों का फंसा भुगतान

विज्ञापन
विज्ञापन
निर्धारित समय से पहले धान क्रय केंद्रों पर धान खरीद बंद किए जाने और पोर्टल पर धान खरीद की मात्रा अपलोड न किए जाने से किसानों में नाराजगी है। पोर्टल पर धान खरीद की मात्रा अपलोड न किए जाने से किसानों को एमएसपी दर से भुगतान भी नहीं हो पा रहा है। इसे लेकर किसानों का एक समूह ने बृहस्पतिवार को डीएम टीके शिबू को ज्ञापन सौंपकर समस्या से अवगत कराया। प्रदर्शन कर मांगे पूरी किए जाने की पुरजोर मांग की।
विज्ञापन

ज्ञापन के माध्यम से किसानों ने बताया कि उन्होंने अपने-अपने उपज की तौल पीसीएफ के क्रय केेंद्र पापी पर कराई। संबंधित सचिव प्रेमचंद्र मौर्या ने धान तौल कराकर अष्टभुजा राइस मिल करकी, शारदा राइस मिल महुआर, साहीबा राइस मिल डीलाही और बजरंग राइस मिल कठपुरवा पर भेज दिया। बताया कि संबंधित सचिव ने आश्वस्त किया था कि किसानों का धान खरीद का ब्योर्रा पोर्टल पर अपलोड करा दिया जाएगा लेकिन तीन फरवरी को ही उक्त क्रय केंद्र का पोर्टल बंद कर दिया गया। इससे कई किसानों का लगभग 25 हजार क्विंटल धान अपलोड होने से वंचित रह गया। जबकि शासन की तरफ से 28 फरवरी तक धान खरीद किए जाने की घोषणा की गई है। बीच में ही पोर्टल बंद कर दिए जाने से किसानों को काफी क्षति हुई है। सभी किसानों ने बंद क्रय केंद्रों को खोलने की मांग की है। प्रदर्शन करने वालों में मुख्य रूप से हेमनाथ द्विवेदी, रामकेश यादव, सूर्यभान, अशोक, संतोष, काशी प्रसाद, सुजीत कुमार, महानंद सिंह, रामेश्वर सिंह, महेंद्र नाथ द्विवेदी, रामजी पांडेय, सतीश कुमार, रत्नेश कुमार, फूलराजी देवी आदि किसान शामिल रहे।
अभी कई किसानों का नहीं लग सका अंगूठा
जिले के कई किसान धान तौल तो करा चुके हैं, लेकिन अभी तक उनका भुगतान नहीं किया जा सका है। किसानों की संख्या सैकड़ों में हैं, जिनका अभी तक अंगूठा नहीं लग सका है। इससे उनके खाते में धान का भुगतान नहीं मिल पा रहा है। किसानों अंगूठा लगाने के लिए क्रय केंद्र का चक्कर लगा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें