सोनभद्र। विकास कार्यों को पूर्ण कराने में हीलाहवाली करने वाले अधिकारियों और कर्मियों पर शिकंजा कसना शुरू हो गया है। मंगलवार को जिलाधिकारी एस. राजलिंगम ने नगर पंचायत दुद्धी क्षेत्र में आईएचएसडीपी योजना के तहत बने आवासों का निरीक्षण किया। डीएम ने वार्ड दो के उत्तरी मोहल्ला में दो लाभार्थियों के आवासों को अधूरा पाया। उन्होंने चार सदस्यीय टीम जांच करने के लिए गठित कर दी है।
डीएम ने मौके पर मौजूद कार्यदायी संस्था के इंजीनियर से आवासों से जुड़ी पत्रावलियों को तलब कर जांच की तो पाया कि 445 आवास आईएचएसडीपी के तहत बनाए जाने थे, जिमसें 40 अपात्र पाए गए। डीएम ने कहा कि जांच टीम में अधिशासी अधिकारी सीएंडडीएस के इंजीनियर, लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर व राजस्व विभाग के अधिकारी को शामिल किया जाए। निरीक्षण के दौरान डीएम ने एक व्यक्ति के घर के पास पाया कि बनी हुई आरसीसी रोड पर किसी ने लोहे का गेट लगाकर बंद रखा हैं। डीएम ने उपजिलाधिकारी प्रकाश चंद्र को कार्रवाई के आदेश दिए। कहा, सार्वजनिक सड़क पर दरवाजा लगाने वाले से वसूली करें।