बीना जीएम ऑफिस पर रोजगार की मांग को लेकर प्रदर्शन करते विस्थापित।
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अनपरा। एनसीएल के सीएमडी के बीना स्थित नवनिर्मित संस्कार क्लब में आने की जानकारी पर शनिवार को सुबह से ही एनसीएल बीना के विस्थापित रोजगार की मांग को लेकर बीना जीएम कार्यालय पर एकत्रित हो गए। यहां विस्थापितों ने प्रदर्शन किया और रोजगार की मांग उठाई। अधिकारियों के समझाने बुझाने और आश्वासन के बाद लोगों ने प्रदर्शन समाप्त किया।
विस्थापित नेता अंकुश दुबे के नेतृत्व में पहुंचे विस्थापितों का कहना था कि एनसीएल ने उनकी जमीनें तो ले ली पर मूलभूत सुविधाओं और रोजगार के लिये वह अब भी दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं। उन्होंने अधिभार के खनन व अभिवहन के कार्य की निविदा प्राप्त करने वाले बीजीआर-डेको में रोजगार तथा विस्थापितों की भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। कहा कि एनसीएल प्रबंधन की हीलाहवाली से यहां के विस्थापितों को रोजगार नही मिल रहा। प्रदर्शन की सूचना पर स्टाफ अधिकारी (कार्मिक) पीके त्रिपाठी समेत कई अधिकारी धरना स्थल पर पहुंच विस्थापितों को समझा बुझाकर कर शांत कराया। स्टाफ अधिकारी (कार्मिक) ने बताया कि एनसीएल के भूमि अधिग्रहण से प्रभावित परिवारों के सदस्यों के रोजगार के लिए दिये गये आवेदनों पर जांच के लिए एनसीएल प्रबंधन ने समिति बनाई है जो विस्थापितों के आवेदनों व अभिलेखो की जांच कर रही है। जल्द ही चिह्नित विस्थापितों की सूची जारी की जायेगी। लेकिन विस्थापितों का कहना था कि तीन महीने से जांच प्रक्रिया के नाम पर केवल बरगलाया जा रहा है। आठ दिसंबर को रोजगार देने के लिए समिति ने चयनित विस्थापितों की सूची जारी करने व विस्थापितों की भर्ती शुरू करने के आश्वासन पर विस्थापितोंने अपना धरना स्थगित किया। प्रदर्शन में दयासागर दुबे, राकेश पनिका, संतोष दुबे, रविंद्र, जनमेजय, अखिलेश आदि मौजूद रहे।