सोनभद्र। राबर्ट्सगंज कोतवाली में नौडिहा की प्रधान पूनम देवी और उनके पति पूर्व जिला पंचायत सदस्य विजय समेत चार के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई कोर्ट के आदेश पर हुई। पुलिस से मदद न मिलने पर पीड़ित ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। आरोपियों पर फर्जी तरीके से श्यामराज सिंह की भूमि का बैनामा कराने का आरोप है।
कोन थाना क्षेत्र के रामगढ़ निवासी पीड़ित श्यामराज सिंह का कहना है कि वर्ष 2015 में विजय कुमार जिला पंचायत सदस्य थे। वादी की भूमि रामगढ़ और नौडिहा गांव में है। उसका कहना है कि नौ अगस्त 2015 को विजय बोलेरो से अपनी पत्नी के साथ उसे अनुदान पर ट्रैक्टर, खाद, बीज समेत अन्य सामान दिलाने की बात कहकर राबर्ट्सगंज में ले गए और वहां एक होटल में ठहराया। होटल में ही एक फोटो ग्राफर को बुलवा कर उसकी फोटो खिंचवाया और कई स्टांप, सादे पन्ने पर अंगूठा लगवाया। इसके बाद उसे तहसील में स्थित एक कमरे में ले जाया गया, वहां एक व्यक्ति बैठा हुआ था। विजय ने कहा कि अधिकारी कुछ भी पूछेंगे तो सिर हिलाकर स्वीकार कर लेना। इसके बाद अनुदान पर सभी सामान मिल जाएगा।
श्यामराज सिंह का कहना है कि 15 मार्च 2017 को वह व़जय के घर अनुदान पर सामान न मिलने की बात कहने के लिए गया तो उसे भगा दिया गया। इसके बाद उसने तहसील पहुंच कर अपनी खतौनी निकलवाया तो उसकी भूमि प्रधान पूनम के नाम हो चुकी थी। पीड़ित का कहना है कि कोन थाने की पुलिस से धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ शिकायत की गई, लेकिन उनके विरुद्ध कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद न्याय के लिए उसने कोर्ट की शरण ली। पुलिस ने बताया कि नौडिहा की प्रधान पूनम, उसके पति पूर्व जिला पंचायत सदस्य विजय कुमार, रामनंदन और शोभन के खिलाफ धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी गई है।