सोनभद्र। उत्तर मध्य रेलवे की क्षेत्रीय रेल उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति सत्र 2024-26 की पहली बैठक में सोनभद्र रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाओं के विस्तार पर चर्चा की गई। प्रयागराज के एक होटल में हुई बैठक में समिति के सदस्य श्रीकृष्ण गौतम ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया।
बताया गया कि यह कार्य उच्च गुणवत्ता मानकों के अनुरूप अंतिम चरण में है। स्टेशन पर कोच इंडिकेटर व डिस्प्ले बोर्ड की स्वीकृति दो वर्ष पूर्व ही मिल चुकी है और अधिकांश कार्य पूरा हो चुका है। जैसे ही भवन निर्माण पूरा होगा, संबंधित उपकरणों को स्थापित कर डिस्प्ले व अनाउंसमेंट सिस्टम चालू कर दिए जाएंगे।
श्रीकृष्ण गौतम ने बैठक में रॉबर्ट्सगंज-सुकृत-मधुपुर-अहरौरा-डीडीयू तक 70 किमी नई रेल लाइन निर्माण का मुद्दा भी जोरशोर से उठाया। इस पर महाप्रबंधक उपेंद्र चंद्र जोशी ने बताया कि परियोजना की डीपीआर और सर्वे रिपोर्ट रेलवे बोर्ड को भेजी जा चुकी है, जिसे अब केंद्रीय कैबिनेट की आर्थिक समिति की स्वीकृति का इंतजार है। सिंगरौली-लूसा-घोरावल होकर 120 किमी लंबी प्रस्तावित रेल लाइन का सर्वे भी भेजा जा चुका है, लेकिन फिलहाल यह प्रस्ताव स्थगित रखा गया है। चोपन-चुनार रेलखंड पर दोहरीकरण कार्य शुरू हो चुका है। मिर्जापुर जनपद क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण में आ रही बाधाओं को दूर करने का प्रयास जिला प्रशासन की ओर से किया जा रहा है। वहीं सोन नदी पर प्रस्तावित 1128 मीटर लंबे रेलवे पुल के लिए 238 करोड़ की लागत से पुनः टेंडर जारी किए गए हैं। सात संविदाकारों ने इसमें रुचि दिखाई है और तकनीकी मूल्यांकन प्रक्रिया जारी है। बता दें कि अगस्त 2023 में केंद्र सरकार ने इस परियोजना के लिए 1424 करोड़ रुपये की मंजूरी दी थी, जिसमें ब्रिज निर्माण भी शामिल है।