राॅबर्ट्सगंज कचहरी परिसर स्थित एडीआर भवन में संचालित स्थायी लोक अदालत में बृहस्पतिवार को सुलह समझौता के आधार पर जनहित सेवा से संबंधित वाद का निस्तार किया गया। इसके तहत जेपी चुर्क इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स से उरमौरा निवासी महबूब आलम को 2.22 लाख रुपये की धनराशि का चेक दिलवाया। करीब 19 माह बाद स्थायी लोक अदालत के हस्तक्षेप पर यह सफलता मिली।
उरमौरा निवासी महबूब आलम ने 17 अक्तूबर 2022 को स्थायी लोक अदालत में मुकदमा दायर किया था। इसमें अवगत कराया था कि वह रेफ्रिजरेटर, एसी और वॉटर कूलर की मरम्मत और सर्विस का कार्य करता है। उसे 28 जनवरी 2021 को जेपी चुर्क इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स की ओर से मरम्मत और सर्विस का ऑर्डर दिया गया था। इसे समय से पूर्ण करके बिल कंपनी को दे दिया, लेकिन कुछ भुगतान किया गया और शेष पैसा रोक दिया गया। तब अधिवक्ता के माध्यम से नोटिस भेजा गया, फिर भी भुगतान नहीं हुआ।
मजबूर होकर स्थायी लोक अदालत की शरण में आना पड़ा। सुलह समझौता के आधार पर मामले का निस्तारण करते हुए करीब 19 माह बाद महबूब आलम को स्थायी लोक अदालत अध्यक्ष नरेंद्र बहादुर प्रसाद की मौजूदगी में 2.22 लाख रुपये का चेक इंडस्ट्रियल कॉम्प्लेक्स की ओर से दिया गया। स्थायी लोक अदालत के अध्यक्ष नरेंद्र बहादुर प्रसाद ने बताया कि जनहित सेवाओं से संबंधित मुकदमे बिना किसी कोर्ट फीस के देखे जाते हैं। इस अवसर पर स्थायी लोक अदालत के सदस्य नीरज सिंह, आशीष मिश्रा, अधिवक्ता फारूक, अनवर, सीएन अग्रवाल, दीपन आदि मौजूद रहे।