सोनभद्र। वित्तीय वर्ष 2020-21 के आखिरी दिन बुधवार को विभिन्न विभागों ने करोड़ों रुपये सरेंडर कर दिए, जबकि कई विभागों को आखिरी दिन भी बजट मिला, जिन्हें लाभार्थियों के खातों में हस्तांतरित करने की कार्रवाई चलती रही। विभागों में बजट की स्थिति तैयार करने के लिए देर शाम तक कार्य चलता रहा। विभागों के लेखाकार बजट संबंधी लेखाजोखा बनाने में जुटे रहे।
विभिन्न विभागों में कई योजनाएं संचालित की जा रहीं हैं। इन योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों को दिया जा रहा है। लेकिन, बहुत से ऐसे विभाग हैं, जिनमें लाभार्थी मिले ही नहीं। इस नाते विभाग को संबंधित धनराशि बुधवार को मार्च माह के आखिरी दिन सरेंडर करनी पड़ी। समाज कल्याण विभाग में सामान्य वर्ग के विवाह अनुदान योजना के लिए लक्ष्य के अनुरूप लाभार्थी नहीं मिले। इससे विभाग को इस मद का 19 लाख 20 हजार रुपये सरेंडर करना पड़ा। समाज कल्याण अधिकारी रमाशंकर यादव ने बताया कि राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना और अन्य योजनाओं का कुल मिलाकर करीब 22 लाख रुपये बुधवार को सरेंडर किया गया है। उधर प्रोबेशन विभाग में करीब डेढ़ लाख रुपये सरेंडर किए गए। जिला प्रोबेशन अधिकारी डॉ. अमरेंद्र पौत्सायन ने बताया कि बुधवार को संस्थाओं को देने के लिए तीन लाख 94 हजार रुपये आए थे। इसी तरह चिकित्सा प्रतिपूर्ति में करीब एक लाख रुपये आए हैं। इस धनराशि को बुधवार को ही संबंधित लाभार्थियों के खाते में हस्तांतरित करने का कार्य चल रहा है। इसी तरह पंचायत राज विभाग, चिकित्सा विभाग, बेसिक शिक्षा विभाग, सिंचाई विभाग, बंधी प्रखंड समेत अन्य विभागों में भी बजट का लेखा-जोखा बुधवार को देर शाम तक तैयार किया जाता रहा। समझा जा रहा है कि इस वित्तीय वर्ष के आखिरी दिन विभिन्न विभागों में करोड़ों रुपये सरेंडर करने की प्रक्रिया देर शाम तक चलती रही।