चुनाव में जीत-हार तय करने में कई बार पोस्टल बैलेट ने अहम भूमिका निभाई है। लिहाजा पोस्टल बैलेट के वोटों को सहेजने की कवायद प्रशासन ने तेज कर दी है। सरकारी सेवा में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारी 12 फरवरी तक पोस्टल बैलेट के लिए आवेदन कर सकते हैं। जिले में ऐसे 537 लोग हैं जो दूसरे जिलों के हैं और यहां के 87 मतदाता दूसरे जिलों में हैं। दूसरी ओर दिव्यांग व बुजुर्ग मतदाताओं के लिए निर्वाचन आयोग के नए निर्देशों का इंतजार किया जा रहा है।
शत प्रतिशत मतदान सुनिश्चित कराने के लिए आयोग की ओर से हर मतदाता को मौका दिया जा रहा है। किसी कारण से मतदान दिवस पर उपस्थित न हो पाने वाले मतदाताओं के लिए पोस्टल बैलेट की सुविधा दी गई है। इसका लाभ सेना, इमरजेंसी सेवा और सरकारी सेवाओं में कार्यरत कर्मचारियों को ही मिल सकता है। इसके अलावा इस बार दिव्यांग और बुजुर्ग मतदाताओं के लिए भी पोस्टल बैलेट की सुविधा शुरू की गई है। पोस्टल बैलेट के प्रभारी व उप निदेशक डीके गुप्ता ने बताया कि सरकारी सेवा में कार्यरत लोग 12 फरवरी तक पोस्टल बैलेट के लिए आवेदन कर सकते हैं। जिले में अब तक करीब 537 लोग चिह्नित किए गए हैं जो अन्य जिलों में मतदाता हैं। वहीं यहां के 87 मतदाता अन्य जिलों में सेवा दे रहे हैं। उनकी ओर से प्राप्त आवेदनों के आधार पर उन्हें वोट देने की सुविधा दी जाएगी। दूसरी ओर दिव्यांग और 80 वर्ष से अधिक आयु के मतदाताओं को चिह्नित कर लिया गया है। इनकी संख्या करीब 25 हजार है। पोस्टल बैलेट के लिए उन्हें आवेदन के आधार पर मतपत्र उपलब्ध कराए जाएंगे। उनका मतदान कराने के लिए 971 मतदाताओं को लगाया गया है।