मतदान कार्मिकों के लिए बूथों पर सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने का आयोग ने निर्देश दिया है। मतदान कार्मिकों, अधिकारी प्रत्याशी या उनके समर्थक का चाय, नाश्ता व भोजन का स्वाद न चखें, आयोग ने इसके लिए बूथों पर ही इनके प्रबंधन कराने के निर्देश दिए हैं। निर्वाचन तिथि से एक दिन पूर्व पोलिंग पार्टी यहां पहुंच जाएगी। अधिकांश मतदेय स्थल परिषदीय स्कूलों में होने से रसोइयां उनके लिए नाश्ता व भोजन बनाएंगी। हालांकि मतदान कार्मिक व अधिकारियों को रसोइयों को शुल्क या खाद्य सामग्री मुहैया करानी होगी।
जिले के चार विस क्षेत्रों में 1613 मतदेय स्थल हैं। सात मार्च को मतदान कराने के लिए छह मार्च की शाम तक सभी बूथों पर पीठासीन अधिकारी समेत अन्य कर्मचारी पहुंच जाएंगे। चुनाव में लगे कर्मियों और अधिकारियों को किसी उम्मीदवार या उनके समर्थक का चाय-पानी, भोजन नहीं करने का निर्देश दिया गया है। सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी जगरूप पटेल ने बताया कि अधिकांश बूथ परिषदीय स्कूलों में बनाए गए हैं। सात मार्च को सार्वजनिक अवकाश रहेगा। पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम, मतदान अधिकारी द्वितीय और मतदान अधिकारी को नाश्ते और भोजन के लिए डेढ़-डेढ़ सौ रुपये नकद दिया जाएगा। बीएसए को पत्र भेजकर अवगत कराया दिया गया है कि रसोइया मतदान कार्मिकों के लिए नाश्ता व भोजन बनाएंगी। हालांकि मतदान कार्मिक व अधिकारियों को रसोइयों को शुल्क या खाद्य सामग्री मुहैया करानी होगी। कहा कि अगर कोई मतदान कर्मी किसी उम्मीदार सा समर्थक का नाश्ता पानी करता है और शिकायत मिली तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।