पचास बेड के एकीकृत आयुष चिकित्सालय में नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर लाखों रुपये ऐंठने के आरोप में राबर्ट्सगंज कोतवाली पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। पीड़ित की तहरीर पर बेसिक शिक्षा विभाग के एक लिपिक समेत तीन लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा कायम किया गया है।
पुलिस ने बताया कि सदर कोतवाली क्षेत्र के उरमौरा गांव निवासी वादी रविकांत चौहान ने तहरीर देकर अवगत कराया है कि उसके मकान में 2019 से बेसिक शिक्षा विभाग का एक लिपिक रहता है। उसने 50 शैय्या युक्त एकीकृत आयुष चिकित्सालय में लिपिक की नौकरी लगवाने के नाम पर दो लाख रुपये की मांग की। आश्वासन दिया कि लखनऊ से सब काम होगा। कहा कि पहले 50 हजार रुपये देना होगा। काम होने पर शेष रुपये देने होंगे। उसके झांसे में आकर उसने करीब दो लाख 85 हजार रुपये दे दिया लेकिन उसे नौकरी नहीं मिली। आरोप है कि रुपये मांगने पर लिपिक समेत कुछ लोग झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दे रहे हैं। इस संबंध में कोतवाल सत्यनारायण मिश्र ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर बेसिक शिक्षा विभाग में क्लर्क के पर तैनात रामसेवक, सर्वेश श्रीवास्तव और सुरेंद्र पाल के खिलाफ धोखाधड़ी, गबन समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना की जा रही है।