चुर्क पुलिस लाइन में माॅक डि्रल करते सुरक्षा बल के जवान। स्रोत पुलिस
नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर शुक्रवार की शाम को पुलिस लाइन चुर्क में ब्लैक आउट कर सुरक्षा का मॉक ड्रिल किया गया। आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए आयोजित इस मॉक डि्रल में विभिन्न विभागों ने सहभागिता की। आपसी समन्वय बनाकर आपात स्थिति में जरूरतमंदों तक मदद पहुंचाने और आवश्यक कदम उठाने का प्रदर्शन किया।
पूर्वाभ्यास के तहत पुलिस लाइन परिसर में निर्धारित समय पर पूर्ण ब्लैक आउट कराया गया और विद्युत आपूर्ति बंद कर दी गई। पहले से सूचना देकर आवासीय परिसरों में रहने वाले कर्मियों व उनके परिवारजनों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे। ड्रिल के दौरान लोगों को कमरों में रहने, खिड़की-दरवाजे व पर्दे बंद रखने, मोबाइल फ्लैश और टॉर्च का प्रयोग न करने, लिफ्ट व वाहन संचालन बंद रखने के निर्देश दिए गए। बच्चों, बुजुर्गों और दिव्यांगजनों का विशेष ध्यान रखने पर भी जोर दिया गया। मॉक ड्रिल में आग लगने की आपात स्थिति का भी प्रदर्शन किया गया। फायर सर्विस और रेस्क्यू टीम ने आग में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने, धुएं से बचाव और राहत कार्यों का व्यावहारिक अभ्यास किया। मेडिकल टीम ने झुलसने और दम घुटने की स्थिति में प्राथमिक उपचार की जानकारी दी। ड्रिल के सफल संचालन के लिए विभिन्न टीमें गठित की गई थीं। सायरन के माध्यम से ब्लैक आउट, पूर्ण ब्लैक आउट, ऑल क्लियर और समापन के संकेत प्रसारित किए गए। मॉक ड्रिल में डीएम बद्रीनाथ सिंह, एसपी अभिषेक वर्मा, सीएमओ डॉ. पीके राय सहित प्रशासन, पुलिस और अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान मेडिकल टीम, सिविल डिफेंस, आपदा मित्र, एनसीसी, स्काउट-गाइड, राजस्व विभाग, फायर सर्विस और पुलिस की टीमें सक्रिय रहीं। डीएम ने बताया कि यह अभ्यास पूरी तरह पूर्वाभ्यास था, जिसका उद्देश्य आपदा के समय बेहतर समन्वय और जनजागरूकता बढ़ाना है। अधिकारियों ने लोगों से भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों में सहयोग करने की अपील की।