ओबरा। उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन और परियोजना प्रबंधन के बीच हुई वार्ता के दौरान अवर अभियंताओं के छह सूत्री मांगों पर सहमति बन गई। इसे साथ ही जेई संगठन ने आंदोलन को स्थगित कर दिया। सोमवार को परियोजना के मुख्य द्वार झरियानाला गेट पर जेई संगठन ने आम सभा कर परियोजना प्रबंधन से वार्ता में के बारे में विस्तार से बताया।
संगठन के परियोजना सचिव आरजी सिंह ने कहा कि छह सूत्री मांगों लेकर चल रहा आंदोलन स्थगित कर दिया गया है। कहा कि आंदोलन का परिणाम रहा कि स्थानीय प्रबंधन द्वारा संगठन से 28 अप्रैल को द्विपक्षीय वार्ता कर मांगों पर सहमति बनाई गई, जिसमें परिचालन पाली में पांच वर्ष पूर्ण कर चुके अवर अभियंताओं को सामान्य पाली में तैनात करने का आश्वासन दिया गया है। इसके अलावा आवास आवंटन में पारदर्शिता प्राथमिकता के आधार पर, अवर अभियंताओं के स्थानांतरण नीति के अनुसार करने एवं एक अवर अभियंता का चार बार हुआ स्थानांतरण स्थगित करने जैसे मांगों पर सहमति बनी है।
उन्होंने कहा कि प्रबंधन द्वारा यह भी आश्वासन दिया गया है कि अन्य मांगों को उच्च प्रबंधन से वार्ता कर निराकरण कराया जाएगा। इस सम्मानजनक समझौते से अवर अभियंता एवं सम्मानित सदस्यों में हर्ष व्याप्त है। कहा कि अवर अभियंताओं के एकजुटता का नतीजा है कि जेई संवर्ग के जायज मांगों पर परियोजना प्रबंधन द्वारा द्विपक्षीय वार्ता कर निराकरण की बात कही गई। संगठन के चंद्रप्रकाश चौरसिया ने कहा कि परियोजना प्रबंधन द्वारा द्विपक्षीय वार्ता कर जेई संवर्ग के ज्वलंत मांगों पर सहमति बनाने व निराकरण करने के आश्वासन से अवर अभियंताओं में खुशी की लहर व्याप्त है। सभा में वरिंदर शर्मा, फिरोज अहमद, इंद्रजीत त्रिपाठी, सियाराम प्रजापति, मुरारी विश्वकर्मा, मनीष सिंह, अवधेश यादव, केएस सिंह, पीयूष पांडेय, संतोष विश्वकर्मा, एलबी यादव, अखिलेश कुमार, अभय प्रताप सिंह, सर्वेश यादव आदि उपस्थित थे। अध्यक्षता शिवलाल बिंद ने की।