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Sonebhadra News: 25 वार्डों में चल रहे 56 टैंकर, संभल कर खर्च करें पानी, अभी और बढ़ेगी परेशानी

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सोनभद्र। मई में अभी तीन सप्ताह ही बीते हैं। आगे जून में भी भीषण गर्मी पड़ने वाली है। ऐसे में पेयजल के संकट से बचना चाहते हैं तो पानी जरा संभल कर खर्च करें। जिस तरह भूजल स्तर तेजी से खिसक रहा है, उसने आने वाले दिनों में जल संकट को लेकर चिंता बढ़ा दी है। नगर के उन इलाकों में भी हैंडपंप सूख चुके हैं, जहां पिछले वर्ष तक टैंकर भेजने की जरूरत नहीं थी। वर्तमान में नगर के 25 वार्डों में 56 टैंकर से पानी की आपूर्ति हो रही है। हर टैंकर रोजाना 3-4 चक्कर लगा रहे हैं।
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रॉबर्ट्सगंज नगर के पुराने हिस्से में पाइप लाइन से जलापूर्ति की व्यवस्था है। इससे करीब साढ़े तीन हजार कनेक्शन दिए गए हैं। पुनर्गठन पेयजल परियोजना के तहत वंचित इलाकों में पाइप लाइन बिछाकर दस हजार कनेक्शन देने का काम चल रहा है। इसके अलावा नगर पालिका की ओर से हर वार्ड में 3-4 स्थानों पर बोरिंग कराकर दो-दो हजार लीटर की टंकी स्थापित की गई है, ताकि आसपास के लोग उससे पानी ले सकें। इन सुविधाओं के बावजूद इस बार नगर पालिका को पेयजल आपूर्ति के लिए 56 टैंकर चलाने पड़ रहे हैं। पिछले साल करीब 40 टैंकर ही चले थे। उन क्षेत्रों से भी टैंकर के पानी की मांग आ रही है, जहां बोरिंग का पानी पूरे गर्मी तक आसानी से मिल जाता था। अकड़हवा, बढ़ौली, ब्रह्मनगर, विकासनगर, अंबेडकरनगर, उरमौरा, नई बस्ती, सहिजन, कम्हारी सहित अन्य क्षेत्रों में टैंकर के पानी पर निर्भरता बढ़ते जाने से नियमित आपूर्ति की चुनौती भी बढ़ने लगी हैं। मई के तीसरे सप्ताह में ही पानी की किल्लत के चलते जून की गर्मी के दौरान आने वाली समस्या ने जिम्मेदारों की चिंता बढ़ा दी है।
225 गांवों में भी टैंकर से पानी की आपूर्ति
नगरीय क्षेत्र में पाइप लाइन होने के बाद भी टैंकर से पानी पहुंचाना पड़ रहा है। गांवों में हालात और खराब हैं। पंचायती राज विभाग के मुताबिक करीब 225 गांवों में टैंकर से नियमित आपूर्ति कराई जा रही है। हर गांव में तीन से चार टैंकर चल रहे हैं। अभी गांवों की संख्या और बढ़ सकती है। यह स्थिति तब है, जबकि नगवां क्षेत्र के कई गांवों में हर घर जल योजना के माध्यम से पानी पहुंचाया जा रहा है। पेयजल कंट्रोल रूम के प्रभारी व एडीपीआरओ राजेश सिंह ने बताया कि गांवों से आने वाली मांग के आधार पर टैंकर भेजे जा रहे हैं। हर टैंकर दो-तीन चक्कर लगा रहा है। जीपीएस के माध्यम से निगरानी हो रही है। लोगों से यह अपील भी की जा रही है कि पानी का उपयोग संभल कर करें, ताकि आगे दिक्कत न बढ़े।
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पेयजल संकट को देखते हुए नगर के सभी वार्डों में 56 टैंकर लगाए गए हैं। हर टैंकर रोजाना 2-3 चक्कर लगा रहे हैं। इस बार कई ऐसे मोहल्लों से टैंकर भेजना पड़ा है, जहां पहले कभी पानी का संकट नहीं हुआ था। अगर समय से वर्षा नहीं हुई तो दिक्कत बढ़ सकती है। बेहतर होगा कि लोग सहयोग करें। पानी संभल कर खर्च करें, इसे बर्बाद न होने दें। -विजय कुमार यादव, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका।
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