म्योरपुर। आंधी के साथ बिजली गिरने से रविवार की देर शाम झारोखास रेलवे स्टेशन के अधिकतर उपकरण जल गए। जले हुए उपकरणों की मरम्मत का कार्य मंगलवार को भी रेल कर्मचारी करते रहे। इसकी वजह से सोमवार की भोर तक ट्रेनों के परिचालन पर बुरा प्रभाव पड़ा। इस दौरान ट्रेनों को किसी तरह स्टेशन से गुजारा गया। युद्ध स्तर पर हुए कार्य के बाद तमाम उपकरणों की मरम्मत कर ली गई है।
पूर्व मध्य रेलवे धनबाद डिवीजन के तहत म्योरपुर रोड रेलवे स्टेशन के पास स्थित झारोखास रेलवे स्टेशन के अधिकतम उपकरण बिजली की चपेट में आकर जल गए, जिनके मरम्मत का कार्य मंगलवार को भी होता रहा। बिजली गिरने के बाद स्टेशन पर हड़कंप मच गया। एकाएक तेज आवाज के साथ उपकरण जलने लगे। स्टेशन पर लगा सिग्नल सिस्टम पूरी तरह से बैठ गया। टिकट काटने के लिए लगाया गया एडाप्टर इतना तेज ब्लास्ट हुआ कि ड्यूटी में तैनात कर्मचारी डर गए। सिग्नल सिस्टम पूरी तरह से जल जाने से ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हो गया। इस दौरान ट्रेनों को किसी तरह स्टेशन से आगे के लिए रवाना किया गया। सिग्नल विभाग के कर्मचारियों के कड़ी मेहनत के बाद रविवार की भोर में किसी तरह से सिग्नल व्यवस्था ठीक कर ली गई। इसके अलावा यहां लगे बल्ब पंखे आदि को भी बदल दिया गया है। अधिकतर उपकरणों की मरम्मत कर ली गई है। इसके साथ ही जो भी जले हुए उपकरण हैं, उन्हें भी ठीक करने का काम मंगलवार को चलता रहा।