सोनभद्र। राबर्ट्सगंज के धर्मशाला चौक के समीप रविवार की रात घेराबंदी कर पुलिस ने आशुतोष कांत मिश्रा के हत्यारोपी विष्णु को गिरप्तार कर लिया। वह भागने के लिए वाहन का इंतजार कर रहा था। पूछताछ के दौरान पकड़े गए आरोपी ने घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार की। सोमवार को उसका चालान कर दिया गया।
दस दिन पूर्व राबर्ट्सगंज कोतवाली के उरमौरा गांव में बीएएसी के छात्र आशुतोष कांत मिश्रा को पीटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया। उपचार के बाद उसने दम तोड़ दिया था। इस मामले में मृतक के पिता की तहरीर पर पुसौली गांव निवासी विष्णु और पांच अज्ञात के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया है। हत्यारोपियों को पकड़ने के लिए कई दिनों से पुलिस हाथ-पांव मार रही थी। सीओ अभिषेक सिंह ने बताया रविवार की रात मुखबिर के जरिए राबर्ट्सगंज कोतवाल को सूचना मिली की छात्र का मुख्य हत्यारोपी कहीं जाने के लिए धर्मशाला चौक के पास वाहन का इंतजार कर रहा है। कोतवाल और चौकी इंचार्ज पहुंचे तो संदिग्ध एक युवक भागने लगा। संदेह होने पर पुलिस कर्मियों ने उसे पकड़ लिया और पूछताछ करने पर विष्णु निकला। कहा कि पूछताछ के दौरान विष्णु ने बताया कि मोबाइल के लेन-देन को लेकर आशुतोष से उसका विवाद हो गया था। उसने डंडे से आशुतोष के सिर पर वारकर घायल कर दिया था। उसका कहना था कि घटना को उसने अकेले अंजाम दिया था। लेकिन घटना में कोई और शामिल था या नहीं इसकी विवेचना की जा रही है।