डंडे लेकर काम करने को मजबूर मजदूर।
नैमिषारण्य (सीतापुर)। राजघाट गोमती तट पर काम कर रहे मजदूरों पर शनिवार दोपहर एक बड़े जंगली जानवर ने हमला कर दिया। हमले में दो मजदूर घायल हो गए।
राजघाट पर निर्माण कार्य चल रहा है। शनिवार दोपहर एक जंगली जानवर ने मजदूरों पर हमला कर दिया।
हमले में मिश्रिख के ताजपुर गांव निवासी छोटक्के (28) गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें नैमिष सीएचसी ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। उनके चेहरे को जंगली जानवर ने नोंच कर बुरी तरह जख्मी कर दिया है। जंगली जानवर के हमले में दूसरे मजदूर बहराइच निवासी अशोक कुमार के चेहरे व हाथ में चोटें आईं हैं। हालांकि प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत ठीक है।
मिश्रिख के रेंजर सिकंदर सिंह ने बताया कि मौके पर टीम भेजी जा रही है। पगचिह्न को जांच के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने पर स्थिित स्पष्ट होगी।
दहशत के बीच काम कर रहे मजदूर : मजदूर दहशत में आ गए हैं। कुछ मजदूरों ने लाठी-डंडे हाथ में लेकर काम किया। सुपरवाइजर ने भी मजदूरों को अकेले न घूमने की सलाह दी है।
इमलिया सुल्तानपुर में दिखा जंगली जानवर निकला बाघ
इमलिया सुल्तानपुर। ढोलई खुर्द में तालाब के किनारे व कच्ची सड़क पर मिले पगचिह्न बाघ के निकले। जांच के बाद रेंजर ने इसकी पुष्टि की है। रेंजर का दावा है कि बाघ अभी अवयस्क है।
शुक्रवार सुबह ढोलई खुर्द के मजरा विशुनपुर में दक्षिण तालाब के किनारे जंगली जानवर के पगचिह्न मिले थे। ग्रामीणों की सूचना के बाद भी वन विभाग मौके पर नहीं पहुंचा था। अमर उजाला ने प्रमुखता से इस खबर को प्रकाशित किया तो महकमा जागा। इसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची।
वन रेंजर परसेंडी मुशीर अहमद ने बताया कि मौके पर पहुंचकर कॉम्बिंग की गई है। पगचिह्न जांच के लिए भेजे गए थे। जांच में पता चला कि पगचिह्न बाघ के हैं। बाघ अभी बच्चा है। ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है।