बाबाकुटी के पास भर रहा पानी। - संवाद
रामपुर मथुरा। सरयू नदी के जलस्तर में बृहस्पतिवार रात से 50 सेमी की वृद्धि होने से तटवर्ती गांवों के लोग बाढ़ की आशंका से सहमे हुए हैं। जलस्तर बढ़कर 118.30 मीटर पर पहुंच गया है। नदी का पानी धीरे-धीरे गांवों और खेतों की ओर बढ़ने लगा है। उधर, बैराजों से शुक्रवार को 3.33 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
सरयू नदी के जलस्तर में 50 सेंटीमीटर की वृद्धि से करीब 10 एकड़ कृषि भूमि जलमग्न हो गई है। तटवर्ती किसानों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक जलस्तर इसी प्रकार बढ़ता रहा तो फसलों को नुकसान हो सकता है। हाल ही में पानी कम होने से किसानों को राहत मिली थी, लेकिन जलस्तर में फिर वृद्धि होने से उनकी उम्मीदों पर पानी फिरता नजर आ रहा है।
पानी अखरी, निरंजनपुरवास अंगरौरा, बाबाकुटी, जगरूप पुरवा, कनरखी व धान्धी सहित करीब 10 गांवों की ओर बढ़ रहा है। निचले इलाकों में रहने वाले ग्रामीण जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। कई स्थानों पर संपर्क मार्गों के किनारे भी पानी पहुंचने लगा है।
तहसीलदार महमूदाबाद उमाशंकर त्रिपाठी ने बताया कि जलस्तर में वृद्धि हुई है, किंतु कहीं बाढ़ जैसे कोई स्थिति नहीं है। टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं।