सीतापुर। मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला रविवार को 66 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर हुआ। मेले में मरीजों का एलोपैथ, होम्योपैथ व आयुर्वेद तीनों तरीके से इलाज किया गया। चिकित्सकों ने बताया, इस समय सर्वाधिक मरीज एलर्जी के आ रहे हैं। इनको एक सप्ताह की दवाई देकर अगले रविवार को आने की सलाह दी गई है।
गंवई इलाके के लोगों को तीनों पद्धति से इलाज मिलने में कोई दिक्कत न हो, इसके लिए प्रत्येक रविवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले का आयोजन किया जा रहा है। रविवार को ग्रामीण इलाके के 60 व शहरी इलाके के छह स्वास्थ्य केंद्रों पर इसका आयोजन हुआ। सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे तक मरीजों का आना जाना लगा रहा। शहर के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र इस्माइलपुर मेें दोपहर एक बजे तक 71 मरीजों का इलाज किया जा चुका था। यहां पर फॉर्मासिस्ट हिमांशु आने वाले मरीजों को दवाइयां दे रहे थे।
मिश्रिख सीएचसी के तहत मनिकापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में 101 मरीजों की जांच करके दवाइयां दी गई, जिसमें नौ लोगों का एंटीजन टेस्ट किया गया। जिसमें सभी की कोरोना जांच निगेटिव आई। एलोपैथ डॉ. अनुराग पांडेय, आयुष डॉ. गौरवेंद्र सिंह, एमपी सिंह नेत्र विशेषज्ञ, डॉ. मनोज वर्मा ने मरीजों की जांचकर जरूरी सलाह दी।
विकासखंड पिसावां के ग्राम नेरी के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में आरोग्य स्वास्थ्य मेले में 93 लोगों को स्वास्थ्य परीक्षण कर दवा वितरित की गई। बीहट गौर में 61 मरीजों को दवा वितरित की गई। यहां पर आए मरीज संतोष सिंह, अंकुर शुक्ल, नूरजहां, सरोजनी, अखिलेश, शिवकुमार ने बताया कि यहां ऐलोपैथ दवाइयां मिलती हैं। लेकिन होम्योपैथी का कोई डाक्टर स्वास्थ्य मेले में नहीं आता है। सीएचसी रामपुर मथुरा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बांसुरा में 154 मरीजों का इलाज किया गया।
अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. उदय प्रताप ने बताया सभी केंद्रों पर बेहतर तरीके से मेले का आयोजन हुआ।