मानपुर/सीतापुर। बिसवां चीनी मिल के वरिष्ठ गन्ना अधिकारी योगेश कुमार को एक गन्ना पर्यवेक्षक से सर्वे के दौरान मारपीट करना महंगा पड़ा। प्रकरण को गंभीरता से लेेते हुए मिल के कारखाना प्रबंधक ने उन्हें गन्ना कार्य से पृथक करते हुए निलंबित कर उनकी सेवा समाप्ति की संस्तुति भी प्रबंधन से की है। गन्ना पर्यवेक्षक ने इस मामले की तहरीर पुलिस थाने में दी है।
वरिष्ठ गन्ना अधिकारी योगेश कुमार ने गन्ना सर्वे कर रहे सरकारी गन्ना पर्यवेक्षक मोहम्मद इस्माइल को न सिर्फ ग्रामीणों की मौजूदगी में पीटा वरन सर्वे से जुड़े अभिलेख भी फाड़ दिए। पीड़ित गन्ना पर्यवेक्षक ने दोषी के विरुद्ध लिखित तहरीर थाने में दी है। इसमें बताया है कि 18 जून को इलाके के रामपुर घेरवा गांव में सुबह से गन्ने के सर्वे का काम पर्यवेक्षक के द्वारा किया जा रहा था।
बिसवां चीनी मिल के वरिष्ठ गन्ना अधिकारी योगेश कुमार वहां पर अनाधिकृत रूप से सर्वे चेक करने के बहाने आ गए। आरोप है कि वहां आकर गन्ना अधिकारी पर्यवेक्षक डरा धमका कर धन उगाही की कोशिश करते थे। उनकी बात न मानने पर आरोपी ने उसके साथ गाली गलौज करते हुए सर्वे से संबंधित सरकारी अभिलेख फाड़ कर मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी तक दी।
मिल के कारखाना प्रबंधक ने बताया कि मामले में वरिष्ठ गन्ना अधिकारी योगेश कुमार को निलंबित कर दिया गया है जबकि पुलिस थाने के वरिष्ठ उप निरीक्षक हरिशंकर पाठक का कहना है कि फिलहाल उन्हें पीड़ित की कोई तहरीर अभी तक नहीं मिली है।