सीतापुर। गीष्मकालीन अवकाश के बाद सोमवार को आधी-अधूरी तैयारियों के बीच स्कूल खुलेंगे। नौनिहालों को नई किताबें मिलेंगी। ड्रेस व जूता-मोजा के लिए अभी उन्हें इंतजार करना पड़ेगा। सुबह सात बजे से सड़कों पर बच्चों की चहलकदमी दिखाई देगी। इसको लेकर बेसिक शिक्षा विभाग ने तैयारियां पूरी कर ली है।
नया शैक्षिक सत्र एक अप्रैल से प्रारंभ हो चुका है। 20 मई तक स्कूल संचालित किए गए थे। उसके बाद गीष्मकालीन अवकाश शुरू हो गया था। करीब डेढ़ माह तक चले अवकाश के बाद सोमवार को एक जुलाई को स्कूल खुलेंगे। इस दिन सुबह आठ बजे से एक बजे के मध्य स्कूलों का संचालन किया जाएगा।
अगर बेसिक शिक्षा विभाग की बात की जाए तो पहले दिन नौनिहालों को नई पाठ्य पुस्तकें मिल जाएंगी। इनकी खेप जिला मुख्यालय आने के बाद बीआरसी पहुंच चुकी है। वहां से प्रधानाध्यापक रिसीव करते हुए नौनिहालों को वितरित कराएंगे। स्कूलों में एमडीएम भी बनेगा।
नौनिहालों को ड्रेस व जूता मोजा के लिए अभी कुछ इंतजार करना पड़ेगा। ड्रेस का बजट आ चुका है, लेकिन अभी इसको स्कूल के खातों में भेजने की प्रक्रिया चल रही है। ऐसे में पहले दिन नौनिहाल स्कूल तो आएंगे, लेकिन उन्हें सभी सरकारी सुविधाओं का लाभ नहीं मिल सकेगा।
प्राथमिक स्कूल में पढ़ रहे चार लाख बच्चे
जिले में 3015 प्राथमिक विद्यालय है। इनमें करीब चार लाख नौनिहाल पढ़ रहे है। इसी प्रकार 1156 उच्च प्राथमिक विद्यालय में करीब दो लाख नौनिहाल पढ़ रहे है। इसके अलावा करीब एक हजार मान्यता प्राप्त विद्यालय है। सोमवार को इन सभी स्कूलों के ताले खुलेंगे। यहां पर बच्चों की रौनक दिखाई देगी। वह पढ़ते लिखते हुए नजर आएंगे।
रोस्टर के अनुसार कराएं पढ़ाई
जिले में 54 राजकीय, 54 सहायता प्राप्त व 380 मान्यता प्राप्त इंटर कॉलेज है। इन कॉलेजों में करीब दो लाख विद्यार्थी पढ़ रहे है। यहां पर भी अवकाश चल रहा था। सोमवार को इन कॉलेजों में भी रौनक रहेगी। डीआईओएस नरेंद्र शर्मा ने सभी प्रधानाचार्यों को रोस्टर के अनुसार पढ़ाई शुरू कराने के निर्देश दिए गए हैं।
गैरहाजिर मिलने पर होगी कार्रवाई
स्कूल खुलने को लेकर तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। सभी शिक्षक समय से स्कूल पहुंचकर पठन-पाठन कराएं। अगर कोई बिना सूचना के गैर हाजिर मिला तो कार्रवाई की जाएगी।
- अजय कुमार, बीएसए