सीतापुर। दिल्ली में रोजाना बढ़ते कोरोना के मामलों ने जिले के स्वास्थ्य महकमे की नींद उड़ा दी है। अब दिल्ली आने-जाने वाले यात्रियों पर सख्त नजर रखी जाएगी। रेलवे व रोडवेज प्रशासन के सहयोग से मुसाफिरों को चिह्नित किया जाएगा। इन्हें होम क्वारंटीन कराया जाएगा। उसके बाद कोरोना की जांच कराकर दूसरी जगह जाने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए रेलवे व रोडवेज स्टॉप पर दो टीमें लगाई गईं हैं। ये टीमें दिल्ली से आने वालों की थर्मल स्कैनिंग करके ही उन्हें जाने की इजाजत देंगी। यह पाबंदी केवल दिल्ली से आने वालों के लिए है।
जिले में कोरोना का संक्रमण नियंत्रण में है। पिछले 20 दिन से कम केस आ रहे है। पांच दिन पहले एक दिन महज दो केस ही पॉजिटिव मिले थे। सर्दी बढ़ने के बाद दिल्ली में अचानक कोरोना के मामले में तेजी से आ रही है। इसको देखते हुए जिला प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। दिल्ली से आने-जाने वालों पर नजर रखी जाएगी। रोडवेज व रेलवे प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग को दिल्ली से कौन-कौन जिले में आया है, इसकी जानकारी देगा।
इसके बाद संबंधित ब्लॉक के सीएचसी अधीक्षक को इसकी जानकारी दी जाएगी। अधीक्षक गांव में जाकर पहले उसे क्वारंटीन करेंगे। उसके बाद कोरोना की जांच की जाएगी। जब तक कोरोना की रिपोर्ट नहीं आएगी, तब तक मरीज क्वारंटीन रहेगा। पॉजिटिव आने पर कोविड अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। इसके लिए दो टीमें लगाई गई हैं। वह रेलवे व रोडवेज पर दिल्ली वालों की थर्मल स्कैनिंग करेंगी।
अगर हालत गंभीर होते हैं तो उन्हें भर्ती कराया जाएगा। यह कवायद केवल दिल्ली से सफर करने वालों के लिए ही होगी।स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक रेलवे व रोडवेज से जिले में एक दिन 150 से अधिक लोग आते-जाते रहते है। इन सभी को कोरोना प्रोटोकॉल से होकर गुजरना पड़ेगा।
60 फीसद एंटीजन किट से होगी जांच
कोरोना के मामलों के बढ़ने की आशंका को देखते हुए कोरोना की जांच बढ़ा दी गई है। अब एक दिन में 1800 जांचें होंगी। यह जांच सीएचसीवार निर्धारित कर दी गई हैं, जिसमें एक हजार जांच एंटीजन किट से होंगी। 800 जांच आरटीपीसीआर की होंगी। एंटीजन की रिपोर्ट एक दिन बाद आएगी। आरटीपीसीआर में दो दिन लग जाएंगे। पहले एक दिन में जांच का टारगेट 1500 था।