सीतापुर। जिले में जरायम की दुनिया से नाता जोड़कर करोड़ों की संपत्ति के मालिक बनने वाले अपराधियों व भू-माफिया की अब खैर नहीं है। जल्द ही इनके खिलाफ बड़ी कार्रवाई हो सकती है। अवैध और बेनामी संपत्तियों की जांच बड़ी तेजी से शुरू हो गई है। सभी की संपत्तियों को खंगाला जा रहा है। सूची तैयार की जा है। माना जा रहा है कि जल्द ही इनकी संपत्ति पर प्रशासन का बुलडोजर चल सकता है और सरकारी ताला भी लग सकता है।
योगी सरकार के पहले कार्यकाल में भी गैंगस्टर व भू-माफिया के खिलाफ कार्रवाइयां हुईं। जिले में भी अपराधियों व भू-माफिया की संपत्ति पर प्रशासन का बुलडोजर खूब चला। इसकी धमक भी अपराधियों में देखने को मिली। अपराधियों में हनक और धमक कायम रखने की मंशा को लेकर सरकार की ओर से कार्रवाई के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाने का आदेश दिया गया है। 100 दिन के एजेंडे के तहत ये कार्रवाइयां होनी हैं। इसे लेकर शासन का आदेश डीएम विशाल भारद्वाज व एसपी आरपी सिंह के पास आ चुका है।
आदेश के बाद जिले की सरकारी मशीनरी पूरी तरह से सक्रिय हो चुकी है। अपराध करने वालों की कुंडली को पुलिस ने खंगालना शुरू कर दिया है। तेजी से कार्रवाई शुरू हो चुकी है। भू-माफिया का ब्योरा भी जुटाया जा रहा है। इसके लिए शहर कोतवाली समेत महिला थाने को छोड़कर जिले के सभी 27 थानों में कार्रवाई की जा रही है।
एएसपी एनपी सिंह ने बताया ऐसे अपराधी जिन्होंने अपराध की दुनिया में आने के बाद संपत्ति तैयार की या फिर वे भू-माफिया जो अवैध तरीके से लाखों-करोड़ों की संपत्ति के मालिक बन गए, सरकारी व नजूल की जमीनों पर कब्जा कर लिया, उन सभी की संपत्तियों की जांच कराई जा रही है। अब तक शहर समेत पूरे जिले में 50 ऐसे लोगों को चिह्नित कर लिया गया है। ये सभी कार्रवाई के रडार पर हैं। इनकी कुंडली तैयार हो चुकी है।
उन्होंने बताया कि इसके अलावा अपराधियों व भू-माफिया की बेनामी संपत्ति पर भी पुलिस की नजर है। उसकी भी जांच की जा रही है। कई शातिर अपराधी और भू-माफिया ने कार्रवाइयों से बचने के लिए अपनी संपत्ति नौकर, रिश्तेदारों व परिचितों के नाम भी करा रखी है। ऐसे शातिरों के बारे में भी थानावार जानकारियां जुटाई जा रही हैं। जल्द ही ऐसे लोगों पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है। एएसपी ने बताया कि ये सभी कार्रवाई के रडार पर आ चुके हैं।
थानावार गैंगस्टरों की संपत्ति के बारे में टीमों की ओर से जुटाई जा रही जानकारियों की खबर उन तक पहुंच चुकी है, ऐसे में गैंगस्टर दहशत में आ चुके हैं। उनका दिन का चैन और रात की नींद नदारद हो चुकी है। कुछ गैंगस्टर तो कार्रवाई से बचने के लिए कानूनी दांव-पेच का भी सहारा लेने की जुगत में लग गए हैं लेकिन राहत मिल पाती है या नहीं, इस पर कहना जल्दबाजी होगी।
पुलिस सूूत्रों के अनुसार जिन गैंगस्टर पर शिकंजा कसा जाना है, उनके अपराध और अपराध से तैयार की गई संपत्ति का पूरा ब्योरा थानावार मांगा गया है। सभी थानेदार इसकी जानकारी जुटाने में बड़ी तेजी से जुट गए हैं। कुछ थानेदारों ने तो सूची तैयार भी कर ली है। बाकी तैयारी में लगे हुए हैं। अपराध में शामिल शातिरों पर पुलिस गैंगस्टर लगाने के बाद उनकी संपत्ति को जब्त करने की कार्रवाई कर आर्थिक चोट पहुंचाती है जिससे अपराधी अपराध करने से बचें।
पुलिस सूत्रों के अनुसार कई ऐसे गैंगस्टर भी कार्रवाई की जद में आ सकते हैं जिन पर पहले कार्रवाई हो चुकी है। उनकी सूची भी बन रही है, उनकी संपत्ति के बारे में जानकारी जुटाने के बाद जब्त करने की कार्रवाई इस बार की जा सकती है। बशर्ते वह मामला विचाराधीन हो। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस श्रेणी में कई अपराधी हैं। उनकी संपत्ति और वाहनों के बारे में और जानकारियां मिली हैं।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक इस कार्रवाई में ऐसे लोगों पर भी नजर है जिनका आपराधिक इतिहास है और लग्जरी कारों से चलते हैं। शहर में आलीशान मकान हैं। लखनऊ में संपत्ति है। ऐसे लोगों के बारे में भी जानकारियां जुटाई जा रही हैं।
पशु माफिया, भू-माफिया, वन माफिया व पेशेवर अपराधियों बारे में जानकारियां जुटाई जा रही हैं। अब तक 50 ऐसे लोगों को चिह्नित किया जा चुका है। इनकी अपराध से अर्जित संपत्ति के बारे में जांच चल रही है। तहसील, वन विभाग, पीडब्ल्यूडी व नगर पालिका से जानकारी की जा रही है। जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
-एनपी सिंह, एएसपी साउथ