हरगांव। स्थानीय थाना क्षेत्र में रविवार रात सराफ कारोबारी से लूट की घटना के बाद एक अन्य घटना ने हरगांव पुलिस की भूमिका पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्राम पंचायत हरिरामपुर के मजरा भैंसहा में प्रधान पति व परिजनों पर कुछ लोगों ने मामूली विवाद में जानलेवा हमला कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार, अगर पुलिस ने समय रहते कदम उठाया होता तो यह हमला न होता। फिलहाल पुलिस केस दर्ज कर जांच कर रही है।
रविवार को भैंसहा में सड़क पर निकलने को लेकर हुए प्रधान पति घनश्याम का कुछ लोगों से विवाद हुआ। पुलिस तक यह मामला पहुंचा, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। देर रात आठ बजे प्रधान पति अपने भतीजे उदित व बेटों के साथ अपनी पुत्री की बीमारी की खबर मिलने पर धोबहा जा रहे थे। आरोप है कि गांव से लगभग एक किलोमीटर की दूरी पर दूसरे पक्ष के अरविंद, गोविंद, करण, अर्जुन, पप्पू दीपू सहित अन्य लोगों ने चार पहिया वाहन व ट्रैक्टर को सड़क के बीच खड़ा कर सबको रोक लिया।
इसके बाद सभी पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले में घनश्याम और उदित को गंभीर चोटें आई हैं। दोनों का इलाज ट्राॅमा सेंटर लखनऊ में चल रहा है। थानाध्यक्ष अरविंद पांडेय ने बताया कि पीड़ित पक्ष के वेदप्रकाश की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।