सीतापुर। महमूदाबाद तहसील क्षेत्र में एक शिकायतकर्ता ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर अवैध खनन की शिकायत की थी। इसके साथ मुख्यमंत्री कार्यालय को भी पत्र भेजकर इसकी शिकायत करते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की थी। उप जिलाधिकारी महमूदाबाद शिखा शुक्ला के स्तर पर हुई इस प्रकरण की जांच में शिकायत की पुष्टि नहीं हुई। इसके बाद एसडीएम ने शिकायतकर्ता पर ही झूठी शिकायत करने का आरोप लगाते हुए कार्यवाही करने की तैयारी शुरू कर दी है।
एसडीएम महमूदाबाद शिखा शुक्ला ने बताया कि तहसील क्षेत्र निवासी शिवेन्द्र प्रताप यादव ने मुख्यमंत्री संबोधित पत्र व सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर जयरामपुर गांव में बघाइन मोड़ वाले मार्ग पर अवैध खनन की शिकायत की गई थी। इसमें क्षेत्रीय लेखपाल व राजस्व निरीक्षक की मिली भगत से खनन करने का आरोप लगाया गया था। शिकायतकर्ता ने बीती 7 दिसंबर को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में भी इस मामले की शिकायत की थी।
जांच में जयरामपुर गांव की गाटा संख्या 133/0.1940 हेक्टेयर व गाटा संख्या 132/0.5940 हेक्टेयर पर प्यारेलाल, सुरेश प्रकाश पटेल, जयसिंह, अमर सिंह, प्रदीप कुमार व लालता प्रसाद, राशदी बानो सह खातेदार मिले। इन गाटा संख्या पर बिलौली बाजार निवासी पंकज वर्मा द्वारा डीएम कार्यालय के खनन अनुभाग से साधारण मिट्टी की निकासी के लिए अनुज्ञा पत्र भी प्राप्त किया गया था। इससे वह 16 नवंबर से 14 जनवरी 2025 तक मिट्टी खनन कर सकता है।
ऐसे में अवैध खनन की शिकायत झूठी साबित होती है। इससे सरकार की छवि खराब करने का प्रयास किया गया। इस संबंध में शिकायतकर्ता के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।