महोली (सीतापुर)। ब्लॉक क्षेत्र में रोहिला गांव के करीब से निकली बड़ी नहर की पटरी बुधवार रात अचानक कट गई। इससे करीब 100 बीघा फसल जलमग्न हो गई। गांव का कंपोजिट विद्यालय भी लबालब हो गया। इससे पढ़ाई-लिखाई ठप हो गई। रोहिला गांव के कई घरों में पानी भर गया।
लखीमपुर जिले से निकली बड़ी नहर बड़ागांव होते हुए मिश्रिख तक जाती है। महोली ब्लाॅक के रोहिला गांव के निकट बुधवार रात अचानक नहर पटरी कट गई। ग्रामीणों ने बताया कि इससे गांव में पानी भर गया। प्रधान ने बृहस्पतिवार को नहर विभाग को सूचित किया। मौके पर पहुंचे नहर विभाग के कर्मचारियों ने सुबह सात बजे से कटी नहर पटरी की मरम्मत शुरू की। काफी मशक्कत के बाद दोपहर करीब तीन बजे नहर का पानी रोकने में कामयाबी मिली।
नहर पटरी कटने से गांव के प्रदीप की छह बीघा, पंकज की चार बीघा, गोबरे की दो बीघा धान की फसल जलमग्न हो गई। वहीं कई किसानों के गन्ने की फसल में पानी भर गया। गांव के दिनेश, रविंद्र व बचान आदि के घरों में पानी भर गया है। घरों में पशुओं के लिए रखा भूसा व गृहस्थी का कुछ सामान भी बर्बाद हो गया। गांव के बाहर बना कंपोजिट विद्यालय भी लबालब दिखा।
यहां बृहस्पतिवार सुबह पहुंचे शिक्षकों ने परिसर में जलभराव देख अधिकारियों को अवगत कराया। विद्यालय में पानी भरने से पढ़ाई-लिखाई प्रभावित हुई। प्रधान अवनीश मिश्रा ने नहर पटरी को काटने का आरोप लगाते हुए अज्ञात के विरुद्ध तहरीर दी है। पुलिस जांच कर रही है।
नहर पटरी को मजदूरों की मदद से ठीक करा दिया गया है। जिसने भी नहर पटरी क्षतिग्रस्त की है उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
- शब्द कांत, जेई नगर विभाग।