डीपीआरओ के औचक निरीक्षण में वित्तीय अनियमितता उजागर
सीतापुर। सोलर व स्ट्रीट लाइट लगवाने की आड़ में परसेंडी के प्रधान और सचिव सरकारी धन डकार गए। कराए गए कार्यों का टेंडर तक नहीं निकाला गया। डीपीआरओ के औचक निरीक्षण में प्रधान व सचिव की वित्तीय अनियमितता उजागर हुई है। डीपीआरओ ने प्रधान व सचिव के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है।
जिला पंचायत राज अधिकारी उपेंद्र राज सिंह मंगलवार को ब्लॉक परसेंडी की ग्राम पंचायत परसेंडी का औचक मुआयना करने पहुंचे। मुआयने में उन्होंने पाया कि गांव में लगी स्ट्रीट लाइटें गुणवत्ता परक नहीं हैं। गहन छानबीन में चौंकाने वाला सच सामने आया।
प्रधान और सचिव ने सोलर व स्ट्रीट लाइटें लगवाने के पहले टेंडर ही नहीं निकाले। बगैर टेंडर निकलवाए भी जो काम कराया गया वह मानकों के विपरीत है। डीपीआरओ ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2016-17 तथा 2017-18 में चौदहवें व चौथे फाइनेंस कमीशन द्वारा ग्राम पंचायत को लगभग 20 लाख की राशि प्राप्त हुई थी।
प्रधान आयशा खातून और सचिव कृपाशंकर राय की ओर से नियमों की अनदेखी करते हुए टेंडर कराए बगैर कार्य करा दिए गए। ज्यादातर राशि केवल सोलर व स्ट्रीट लाइटों पर खर्च कर दिए। इस काम का भी टेंडर नही कराया गया। लगाई गई लाइटें भी निमभन गुणवत्ता की है। डीपीआरओ ने बताया कि यह वित्तीय अनियमितता है। प्रधान व सचिव के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।