ब्लॉक प्रमुख चुनाव में सपा ने जिले की 14 सीटों पर क्लीन स्वीप कर लिया है। नौ सीटें पहले ही पार्टी के खाते में निर्विरोध आ चुकी थी। शेष पांच सीटें भी रविवार को मतदान के बाद सपा की झोली में आ गईं।
इसमें नौगढ़ ब्लॉक में हारने वाली प्रत्याशी भी सपा से ही रही हैं। शोहरतगढ़ से विधायक की बहू नीलिमा सिंह ने जीत दर्ज कर प्रतिष्ठा बचाने में कामयाब रहीं, जबकि डुमरियागंज में विधायक पुत्र को सपा प्रत्याशी से करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा है।
बढ़नी और लोटन ब्लॉक में भी सपा प्रत्याशियों ने बड़े अंतर से जीत दर्ज की है। नौ ब्लॉकों में निर्विरोध निर्वाचन के बाद रविवार को शेष पांच ब्लॉकों में मतदान आरंभ हुआ। सुबह 11 बजने के साथ ही बीडीसी सदस्यों के आने का क्रम शुरू हो गया।
एक तरफ से एक-दो मतदाता आ रहे थे तो दूसरी ओर से झुंड में समर्थक पहुंचते रहे। शुरुआती एक घंटे में ही नौगढ़ ब्लॉक की तस्वीर काफी हद तक साफ हो गई थी।
हालांकि दूसरे पक्ष के लोग चौंकाने वाले परिणाम के साथ अपनी जीत के प्रति आश्वस्त होने से पीछे नहीं हटे। मतदान में तेजी का आलम यह रहा था कि दोपहर 2 बजे तक ही सभी 83 वोट पड़ चुके थे।
तीन बजे से मतगणना आरंभ हुई तो इसमें परिणाम चौंकाने वाले ही रहे। नौगढ़ में शफीक अहमद 29 वोटों के भारी अंतर से विजयी रहे। उन्हें 55 वोट मिले, जबकि संजू सिंह महज 26 वोट ही हासिल कर सकीं।
शोहरतगढ़ ब्लॉक में विधायक लालमुन्नी सिंह की बहू और सपा प्रत्याशी नीलिमा सिंह को 51 सदस्यों ने वोट दिया। यहां कुल 68 वोट पड़े थे। डुमरियागंज में सपा प्रत्याशी मिट्ठू लाल यादव ने 71 वोटों के अंतर से सबसे बड़ी जीत दर्ज की। कुल 141 में से 108 ने वोट दिए, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी रहे विधायक मलिक कमाल यूसुफ के पुत्र सलमान मलिक को सिर्फ 33 वोट ही हासिल हो सके। बढ़नी से सपा की विफई ने 40 और लोटन से सजलैन्निशा ने 28 वोट पाकर जीत दर्ज की।