सिद्धार्थनगर। चोर का शोर है। चोरी होने के बाद पड़ताल करें फिर मामले को पुलिस तक लेकर पहुंचें। अगर ऐसा नहीं करते हैं तो उल्टा केस दर्ज होने के साथ ही बदनामी भी झेलेंगे।
जनपद में चोरी के शोर के बीच अपने ही हाथ साफ कर चोरी की अफवाह फैला रहे हैं। चोरी से इन्कार नहीं किया जा सकता है। जनपद में चोरी की ऐसी दो वारदात सामने आई, जिसमें सामान चोर हुआ सामान वापस मिल गया है। वहीं, कुछ ऐसे मामले में आए, जिसमें घर के परिवार को फंसाने के लिए चोरी की साजिश रची गई।
पुलिस ने जांच और मामले पर संदेह जताया और फंसने की बात कही तो माल वापस घर में फेंका हुआ मिला। चोर के शोर के बीच अपने ही साजिश कर अभूषण उड़ा रहे हैं और आरोप दूसरों पर मढ़ रहे हैं।
दी चोरी की सूचना, जांच में निकला फर्जी: कपिलवस्तु। क्षेत्र के बर्डपुर नंबर एक टोला गनवरिया में शनिवार रात में पहले चोरी की सूचना दी गई। गांव के लोगों ने उसका वीडियो बना इंटरनेट मीडिया पर वायरल कर दिया।
सुबह में गांव की भीड़ पीड़ित के घर पहुंचने लगी, फिर सूचना पुलिस को मिली। कोतवाली पुलिस कुछ घंटे तो परेशान हुई। कोतवाली प्रभारी जब खुद मौके पर जांच और परिवार के लोगों से पूछताछ की तो मामला कुछ और निकला।
गांव निवासी अतीकुर्रहमान के घर में सास के साथ दो बहु भी रहती है। किन्हीं कारणों से तीनों ने चोरी की गलत सूचना दी।
पीटकर छीन ले गए नाक की कील, खरोच तक नहीं लगा: 9 सितंबर की रात भवानीगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में एक महिला ने पुलिस को जानकारी दी कि चोर घर में घुसे और उसे पीटकर नाक की कील छीन ली।
इसके बाद कमरे में रखे बक्सा का ताला तोड़कर आभूषण उठा ले गए। लेकिन, जब पुलिस ने जांच शुरु की तो पता चला कि ताला और चाबी सही है। वहीं, नोचने के बाद भी महिला को खरोच तक नहीं आई है।