सिद्धार्थनगर। ठंड की मार से जूझ रहे तराई इलाके को अभी राहत नहीं मिलने वाली है। दो दिन पहले तक खिली धूप से मिली राहत के बाद अब तापमान में एकाएक गिरावट दर्ज की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 से 48 घंटों में न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की और गिरावट के आसार हैं।
नेपाल बॉर्डर से सटे जनपदों में ठंड का असर सबसे अधिक देखा जा रहा है, जहां गलन भरी सर्द हवाओं ने लोगों की दिनचर्या प्रभावित कर दी है। शनिवार को पूरा दिन गलन से भरा रहा। वहीं, रात्रि में पछुआ हवा से आसमान तो साफ हुआ लेकिन सुबह होते- होते कोहरे ने जकड़ लिया और सुबह शरीर को हिला देने वाली सिहरन से सभी परेशान रहे।
दोपहर बाद सूरज के दर्शन तो हुए है, लेकिन इससे लोगों कोई खास राहत नहीं मिल पाई। शाम ढलते ही ठंड ने फिर लोगों को सिकुड़ने पर मजबूर कर दिया। गांव से शहर तक एक जैसे हालात नजर आए।
लोग गर्म कपड़ों से लिपटे और अलाव से चिपके हुए नजर आए। वहीं, बाजार की बात करें तो जिन्हें बहुत ही जरूरी था, वही घर से निकले थे। वहीं, जिले में तापमान में शनिवार की तुलना में एक- एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है। अधिकतम 14 और न्यूनतम आठ डिग्री दर्ज किया गया है। इसके 7 डिग्री तक पहुंचने के आसार हैं। सुबह और देर शाम ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। ऐसे में स्वास्थ्य विशेषज्ञ ठंड से बचाव की सलाह दे रहे हैं।
अलाव की व्यवस्था की गई: नगर पालिका और प्रशासन की ओर से रैन बसेरों में ठहरने की व्यवस्था की गई है। रेलवे स्टेशन पर बने रैन बसेरा 12 चारपाई का है। यहां जिन्हें भोर की मुंबई की ट्रेन पकड़नी है वह रात में ही पहुंचकर शरण ले रहे हैं। इसके अलावा 50 बेड का माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में है।