सिद्धार्थनगर। रेलवे की जमीन पर वर्षों से छोटी दुकानें चलाकर परिवार का भरण-पोषण कर रहे दुकानदार शुक्रवार को सांसद जगदंबिका पाल के कार्यालय पहुंचे। उनकी अनुपस्थिति में प्रतिनिधि को मांगपत्र साैंपा और दुकान का किराया न बढ़ाने की गुहार लगाई।
दुकानदारों ने सांसद को दिए ज्ञापन में बताया कि करीब 10 बाई 10 फुट के छोटे भूखंड पर पान, चाय, किराना, जूता-चप्पल, फल-सब्जी समेत अन्य दुकानें संचालित हैं। रेलवे पहले इन दुकानों का करीब दो हजार रुपये वार्षिक किराया लेता था। अब 2025-26 और 2026-27 का किराया एकमुश्त जमा करने के नोटिस दिए गए हैं।
दुकानदारों के अनुसार पिछले वर्ष रेलवे ने किराया जमा करने से रोक दिया था। कुछ महीने पहले किराया बढ़ाने की चर्चा शुरू हुई तो दुकानदारों ने सांसद से हस्तक्षेप का अनुरोध किया था। दुकानदारों का दावा है कि सांसद ने रेलवे के उच्च अधिकारियों से बातचीत की थी।
दुकानदारों ने पत्र में बताया कि 15 सितंबर को कुछ दुकानदारों को रेलवे की ओर से नोटिस दिया गया। इसमें 2025-26 और 2026-27 का किराया एकमुश्त जोड़ने के साथ विलंब शुल्क और जीएसटी भी लगाया गया है। दुकानदारों के मुताबिक कुछ मामलों में मांग की रकम 1.61 लाख रुपये तक पहुंच गई है।
सुनील कुमार वर्मा, चंद्रिका प्रसाद, कन्हैया लाल गुप्ता, रवि जायसवाल, गोती, संदीप कुमार गुप्ता, सुमन साहू, मु. गफ्फार, विक्रम सिंह, रवि प्रताप समेत अन्य दुकानदारों ने सांसद से रेलवे के बढ़े किराये से राहत दिलाने की मांग की है।