सिद्धार्थनगर। महराजगंज और कुशीनगर तक रोडवेज बसों का नियमित संचालन न होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सीधी बस सेवा उपलब्ध न होने के कारण यात्रियों को निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ता है या फिर बार-बार वाहन बदलकर सफर करने को मजबूर होना पड़ता है। इससे न केवल समय की बर्बादी होती है, बल्कि यात्रा खर्च भी कई गुना बढ़ जाता है।
महराजगंज मुख्यालय तक रेलवे की सुविधा नहीं होने और रोडवेज बस का संचालन नहीं होने से यात्रियों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पड़ोसी जिला हाेने से नौकरी सहित अन्य कार्यों के लिए सैकड़ों लोगों का प्रतिदिन आना-जाना लगा रहता है। बस की सुविधा नहीं होने से यात्री निजी व प्राइवेट वाहन का सहारा लेते हैं। इससे समय अधिक लगने के साथ ही यात्रा करने में भी काफी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। वहीं कुशीनगर में बौद्ध स्थली होने के कारण जिले के लोगों के अलावा पर्यटकों का आना-जाना लगा रहता है, लेकिन इन दोनों जिले के लिए मुख्यालय से सीधी बस की सेवा नहीं है, इससे आए दिन यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
यात्री राकेश, ज्ञानदास, मो. रजा, सुरेंद्र ने बताया कि रोडवेज बसों का संचालन शुरू होने से छात्रों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों और तीर्थ यात्रियों को बड़ी सहूलियत मिलेगी। लोगाें के अनुसार इन रूटों पर बस संचालन को लेकर पहले भी कई बार योजनाएं बनाई गईं, प्रस्ताव तैयार हुए, लेकिन आज तक इस पर कोई अमल नहीं हो सका। योजनाएं फाइलों में सिमट कर रह गई हैं।