बांसी तहसील गेट के सामने पुलिस का वाहन रोककर हंगामा कर रही युवतियां। संवाद
बांसी। तहसील गेट के सामने पुलिस वाहन को शनिवार रात जमानत न मिलने पर पांच युवतियों ने जमकर हंगामा किया। पुलिस ने शांति भंग करने के आरोप में चालान कर उन्हें गिरफ्तार किया। रविवार को एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया, जहां से सभी को 14 दिन की रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, शनिवार को तहसील में जमानत कराने आईं पांच युवतियों ने जमकर हंगामा किया। सभी पहले तहसील का गेट बंद कर दिया फिर तहसीलदार के आवास पर भी हंगामा किया। इसके बाद बांसी-बस्ती मार्ग पर पहुंचकर पुलिस की गाड़ी को भी रोके रखा। उनकी इस हरकत का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हालांकि, संवाद न्यूज एजेंसी इस वीडियो की पुष्टि नहीं करती है।
बताया जाता है कि उक्त युवतियां शेफ शाॅप मार्केटिंग कंपनी में कार्य करती है। कंपनी में इनका पैसा फंसा हुआ है, जिसके लिए यह कई बार अधिकारियों से इसकी शिकायत भी कर चुकी हैं। शनिवार की सुबह जोगिया कोतवाली के ककरही पुल पर इन युवतियों ने कंपनी के दो लोगों को पकड़ लिया और उनसे मारपीट करने लगी। जोगिया कोतवाली पुलिस को सूचना मिली तो वह मौके पर पहुंचकर सभी को थाने ले आई। सभी का शांतिभंग में चालान कर दिया। कंपनी के लोगों की बांसी एसडीएम कोर्ट से जमानत तो हो गई पर जमानतदार न मिलने से युवतियों की जमानत नहीं हो सकी। इससे उन्हें जेल भेजा जाने लगा। जेल जाने की नौबत पर सभी भड़क गईं और रात्रि नौ बजे के हंगामा शुरु कर दिया।
यह देख कोतवाली सहित खेसरहा, शिवनगर डिड़ई थाने की पुलिस मौके पर पहुंच गई और युवतियों को थाने ले जाने का प्रयास करने लगी। इस पर सभी पुलिस की जीप के आगे खडे़ हो वाहन का बोनट आदि पीटने लगी। उनके इस हंगामे को पुलिस बेचारी बनी देखती रही। काफी देर बाद सभी को थाने लाया गया।
कोतवाल गौरव सिंह का कहना है कि सभी के ऊपर शांति भंग की कार्रवाई कर एसडीएम न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से 14 दिन के रिमांड पर भेज दिया गया।