मेडिकल कॉलेज के ओपीडी में परीज के स्वास्थ्य की जानकारी लेते डॉ. गौरव दूबे। संवाद
सिद्धार्थनगर। बारिश के बाद मौसम में लगातार हो रहे उतार-चढ़ाव का असर लोगों की सेहत पर पड़ने लगा है। सर्दी-जुकाम, गले में खराश और शरीर में दर्द के साथ बुखार के मरीज बढ़ गए हैं। मेडिकल कॉलेज से लेकर बांसी जिला अस्पताल, सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ी है।
सुबह ओपीडी खुलते ही पंजीकरण काउंटर से लेकर चिकित्सकों के कक्ष तक मरीजों की भीड़ दिखाई दे रही है। कई परिवारों में एक सदस्य के बीमार पड़ने के बाद धीरे-धीरे दूसरे सदस्य भी सर्दी-जुकाम और बुखार की चपेट में आ रहे हैं।
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में सामान्य दिनों की तुलना में मरीजों की संख्या बढ़ी है। फिजिशियन और बाल रोग विशेषज्ञ की ओपीडी में भी अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। पर्चा काउंटर, चिकित्सक कक्ष और जांच केंद्र पर मरीजों की भीड़ देखी जा रही है। मेडिसिन वार्ड में मरीजों को देख रहे डॉ. गौरव कुमार दुबे ने बताया कि इस समय सबसे अधिक मरीज सर्दी, खांसी, गले में खराश, बुखार, सिरदर्द और शरीर में दर्द की शिकायत लेकर आ रहे हैं। कई मरीजों में पहले हल्की सर्दी-जुकाम होती है और इसके बाद बुखार चढ़ता है। मरीजों की स्थिति और लक्षणों के आधार पर उपचार किया जा रहा है। जरूरत पड़ने पर ब्लड की जांच कराई जा रही है।
मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक डॉ. सीबी चौधरी ने बताया कि वर्तमान में वायरल संक्रमण का दौर चल रहा है। बारिश के बाद वातावरण में नमी बढ़ने और दिन-रात के तापमान में उतार-चढ़ाव से वायरल संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। बारिश में भीगने, गीले कपड़ों में रहने और आसपास जलभराव से भी परेशानी बढ़ सकती है। ऐसे मौसम में संक्रमण से बचाव के लिए सावधानी जरूरी है।