दिन में तेज धूप, रात में ठंड से बढ़े सर्दी, खांसी-जुकाम के मरीज
नाक बंद होने, गले में खराश व बुखार से पीडि़त हो रहे ज्यादातर लोग
मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन वार्ड में प्रतिदिन पहुंच रहे 30 से 35 मरीज
सिद्धार्थनगर। मौसम के बदलते मिजाज ने लोगों की सेहत पर असर डालना शुरू कर दिया है। दिन में तेज धूप और रात में बढ़ती ठंड की वजह से सर्दी, खांसी और जुकाम के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। खासकर सुबह-शाम की ठंड और दोपहर की गर्मी के बीच शरीर का संतुलन बिगड़ने से वायरल संक्रमण फैल रहा है।
माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन की ओपीडी में पिछले तीन दिनों से प्रतिदिन 30 से 35 मरीज सर्दी, खांसी, जुकाम, बुखार और गले में खराश की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। शनिवार को इलाज कराने पहुंचे नौगढ़ निवासी प्रेम प्रकाश ने बताया कि दो दिन पहले हल्के कपड़े पहनकर वह एक शादी समारोह में गए थे। लौटने के बाद से बुखार हो गया। पकड़ी बाजार निवासी राधिका भी इसी तरह की परिस्थिति में बीमार हो गईं। बेटे अंकुर के साथ मेडिकल कॉलेज पहुंचीं राधिका बताती हैं दो दिन से शरीर में दर्द है। लोटन क्षेत्र की सुनीता ने बताया कि अचानक तेज बुखार हो गया, इसके साथ ही सिर दर्द और जुकाम से नाक पूरी तरह से बंद हो गया है। डॉक्टर ने दवा लिखने के साथ बदले मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दी। साथ ही सुबह-शाम भाप लेने व गर्म पानी पीने की सलाह दी। वहीं शहर से ही आए रवि गुप्ता ने बताया कि लगातार खांसी आ रही है। इसके साथ शरीर में अजीब तरह से झनझनाहट महसूस हो रही है। डॉक्टर के पूछने पर बताया कि शाम के समय बिना गर्म कपड़े के ही बाजार चले गए थे। चिकित्सकों के अनुसार तापमान में उतार-चढ़ाव से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित हो रही है, जिससे वायरल संक्रमण का खतरा बढ़ा है।
यह हैं प्रमुख लक्षण
मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ गौरव दुबे ने बताया कि मरीजों में नाक बंद होना, गले में खराश, सूखी या बलगम वाली खांसी, हल्का बुखार, सिरदर्द और शरीर में दर्द जैसी समस्याएं देखी जा रही हैं। कई मरीजों को दिन में पसीना आने के बाद शाम को ठंड लगने की शिकायत भी हो रही है। बच्चों और बुजुर्गों में यह समस्या अधिक देखी जा रही है। उन्होंने बताया कि दिन में तेज धूप के कारण लोग हल्के कपड़े पहन लेते हैं, लेकिन रात में अचानक ठंड बढ़ने से शरीर ठंडी हवा की चपेट में आ जा रहा है। पसीने के बाद सीधे ठंडी हवा लगना भी संक्रमण का कारण बन रहा है।
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चिकित्सकों की सलाह
- सुबह-शाम हल्के गर्म कपड़े जरूर पहनें
- ठंडे पानी और ठंडी चीजों से परहेज करें
- बाहर से आने के बाद हाथ-मुंह धोएं
- पर्याप्त मात्रा में गुनगुना पानी पीएं
- बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें