सिद्धार्थनगर। खेसरहा क्षेत्र के कोटिया पांडेय गांव में सोमवार भोर में नित्य क्रिया के लिए गए बुजुर्ग पिता पर बेटे ने कटे लोटे से हमला कर दिया। गले पर गंभीर चोट आने से उसकी जान चली गई। पुलिस ने आरोपी पुत्र पर हत्या का केस दर्ज करके उसे हिरासत में ले लिया है। वहीं शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पिता तीन बेटों में बीच वाले के साथ रहता था। पूछताछ में बेटे ने कबूला कि एक दिन पूर्व गांव निवासी व्यक्ति से हुए विवाद के बाद पिता ने बचाव नहीं किया था। इससे पहले भी पिता ने उसका साथ नहीं दिया। जिसे लेकर वह आक्रोशित था।
क्षेत्र के कोटिया पांडेय गांव निवासी बाबूलाल (65) के पत्नी की चार वर्ष पूर्व मौत हो गई थी। इनके चार बेटे हैं। बड़ी बेटी की शादी हो गई है। बेटों में बड़ा आत्माराम, योगिंदर व रामायन शादीशुदा हैं। आपसी खटास के कारण तीनों अलग-अलग रहते हैं। पिता बाबूलाल बीच वाले बेटे योगिंदर के साथ रहते थे। मौजूदा समय में बड़ा बेटा आत्माराम घर था। योगिंदर और रामायन मुंबई में रोजगार के सिलसिले में हैं। ग्रामीणों के मुताबिक बड़े बेटे आत्माराम और पिता में आपसी मतभेद रहता था। सोमवार को बाबूलाल सुबह पांच बजे गांव के उत्तर दिशा में ताल के पास नित्य क्रिया करके लौट रहे थे। उसी समय बड़ा बेटा आत्माराम भी उनका पीछा करते हुए रास्ते में रुका हुआ था।
सुनसान चकरोड पर बाबूलाल के पहुंचते ही बेटे ने पिता के ऊपर कटे लोटे से हमला कर दिया। लोटे में धार होने से गला, चेहरा और आंख के ऊपर कट गया था। खून से लथपथ बाबूलाल खेत में गिर गए। हालांकि खेत में गेहूं का पौधा जिस तरह से टूटा है, उससे मालूम होता है कि पिता ने बचाव की कोशिश की है। बताया जाता है कि खुद आत्माराम ने पीआरबी को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच करते समय आत्माराम पर शक हुआ और थाने लेकर पहुंच गए। ा