संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा के दौरान लापरवाही पाए जाने पर कड़ा रुख अपनाया है। जांच में शिकायतों के निस्तारण में निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किए जाने पर उन्होंने तहसील और नगर निकायों के 15 अधिकारियों और कर्मचारियों का जून माह का वेतन बाधित करने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी ने 11 जून को आईजीआरएस के विभिन्न संदर्भों का परीक्षण किया। समीक्षा के दौरान पाया गया कि तहसील नौगढ़ और शोहरतगढ़ के तहसीलदार, नायब तहसीलदार के साथ नौ लेखपालों और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, नगर पालिका परिषद सिद्धार्थनगर के अधिशासी अधिकारी, नगर पंचायत बढ़नी और उसका बाजार के अधिशासी अधिकारियों ने शिकायतों के निस्तारण में शासन की निर्धारित व्यवस्था का अनुपालन नहीं किया गया।
जांच में यह भी सामने आया कि संबंधित अधिकारियों ने शिकायतकर्ताओं से न तो संपर्क किया और न ही स्थलीय निरीक्षण ही किया। जांच के परिणाम से आवेदकों को अवगत कराने की प्रक्रिया भी पूरी नहीं की। इसे शिकायत निस्तारण व्यवस्था में गंभीर लापरवाही मानते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों का जून माह का वेतन बाधित करने के निर्देश जारी किए हैं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जन शिकायतों के निस्तारण में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी अधिकारी शासन की मंशा के अनुरूप समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें।ा