पडरौना। कृषि विज्ञान केंद्र सरगटिया के सभागार में शुक्रवार को पोस्ट बजट वेबिनार का आयोजन हुआ। इसमें वैज्ञानिकों ने कृषि एवं ग्रामीण परिवर्तन विषय पर चर्चा कर किसानों को बदलती जलवायु और बाजार की मांग को देखकर खेती करने की सलाह दी।
वेबिनार में सबसे पहले कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की तरफ से आयोजित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन का प्रसारण हुआ। इसमें प्रधानमंत्री ने कृषि क्षेत्र के विविधीकरण, उत्पादकता वृद्धि, किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने तटीय एवं उपयुक्त क्षेत्रों में नारियल, काजू, कोको, चंदन (सैंडलवुड) जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों के विकास को प्रोत्साहित करने की बात कही। इसके अलावा बादाम, अखरोट और चिलगोजा के उत्पादन को बढ़ावा देने पर भी प्रधानमंत्री ने किसानों को प्रोत्साहित किया। कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. पुष्पेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि किसानों को बदलती जलवायु एवं बाजार की मांग को देखते हुए खेती करनी चाहिए। ताकि नई प्रजाति के फसल उगाए जा सकें। इससे किसानों को बेहतर उत्पादन होगा, जिससे उनकी आय बढ़ेगी। इस दौरान डॉ. विवेकानंद सिंह, डॉ. गंगा राज, डॉ. अरुण प्रताप सिंह, श्रुति वी सिंह, कृपा शंकर चौधरी आदि मौजूद रहे।